बिजली कटौती: कृषि मंत्री बोले- बिजनी दो नहीं तो किसान निपटा देंगे, सीएम को खबर लगते ही पलटे

मप्र में बिजली कटौती को लेकर ऊर्जा मंत्री से फोन पर बातचीत का वीडियो वायरल, Video of phone conversation with Energy Minister regarding power cut in MP goes viral

बिजली कटौती: कृषि मंत्री बोले- बिजनी दो नहीं तो किसान निपटा देंगे, सीएम को खबर लगते ही पलटे

भोपाल। मध्य प्रदेश में अघोषित बिजली कटौती जारी है। इसे लेकर कृषि मंत्री कमल पटेल और ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर की बुधवार को फोन पर बातचीत का वीडियो वायरल हो गया। अलगे दिन गुरुवार को सरकार में हड़कंप मच गया। दरअसल, वीडियो में मंत्री पटेल ये कहते हुए सुनाई दे रहे हैं कि किसानों को बिजली नहीं मिली तो वे हमें निपटा देंगे। इस बात का पता चलते ही मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने मंत्री पटेल से बात कर आगे से ऐसे बयान नहीं देने को कहा है।

मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के समझाने के बाद तो कृषि मंत्री कमल पटेल के सुर बदल गए। उन्होंने कहा कि बिजली संकट खत्म हो गया है। कटौती बंद हो गई है। किसानों की सरकार में बिजली संकट नहीं होने देंगे। पटेल ने कहा कि 12 लाख हेक्टेयर पर मूंग को बचाने के लिए फोन किया था। 10 घंटे से कम बिजली पर बात की थी। अफसर गड़बड़ करते हैं। अघोषित मत काटो। हम किसान पहले हैं, मंत्री बाद में हैं।

वीडियो कॉल पर हुई मंत्रियों के बीच बातचीत
वीडियो कॉल में कृषि मंत्री कमल पटेल कहते दिख रहे हैं कि भाई मेरे हरदा और होशंगाबाद में 4000 करोड़ रु. की मूंग की फसल खड़ी है। बिजली कटौती बंद करके जो 10 घंटे बिजली मिल रही है, वो तो दिलवा दो यार..। ऊर्जा मंत्री तोमर ने बिजली दिलाने का आश्वासन दिया है। फिर कृषि मंत्री पटेल ऊर्जा मंत्री को बताते हैं कि मैंने एमडी को बताया है। आप टाइट करके और बोल दो। लोड सेटिंग के नाम पर बहुत काटते हैं। वो लोड सेटिंग नहीं करें। हरदा और होशंगाबाद में। ठीक है भाई। बता दें कि नर्मदापुरम संभाग के जिलों में बिजली कटौती के कारण मूंग की फसल पर असर पड़ रहा है।

6 घंटे ही मिल रही बिजली
कृषि मंत्री भले ही कटौती बंद होने का दावा करें, लेकिन हरदा और होशंगाबाद जिले के किसानों को अभी 6 घंटे ही बिजली मिल पा रही है। गुनौरा के किसान जगदीश गौर ने बताया कि यहां कभी भी कटौती कर दे रहे हैं। डूड़िया घाट के कामद सिंह ने बताया कि 6 घंटे की बिजली में भी कई बार फॉल्ट होने से कटौती कर रहे हैं। इससे सिंचाई नहीं कर पा रहे हैं। जबकि बिजली कंपनी के जीएम बीबीएस परिहार का दावा है कि अप्रैल में समस्या थी। क्षेत्र वार सिस्टम में 10 घंटे बिजली दे रहे हैं। कुछ क्षेत्र में ओवरलोडिंग है। वहां 8 से 9 घंटे बिजली दे पा रहे हैं।