मध्यप्रदेश के कई जिलों में बाढ़ और बारिश का जलसैलाब, निचली बस्तियां में घुसा पानी

भोपाल। मध्यप्रदेश में पिछले दिनों से लगातार जारी बारिश ने अब अपना रोद्र रूप अपना लिया है। भोपाल, सीहोर, रायसेन समेत कई जिलों में भारी बारिश होने से शनिवार को निचली बस्तियां जलमग्न हो गई तो वहीं कई गांवों का शहरों से सड़क संपर्क टूट गया।

मध्यप्रदेश के कई जिलों में बाढ़ और बारिश का जलसैलाब, निचली बस्तियां में घुसा पानी

भोपाल। मध्यप्रदेश में पिछले दिनों से लगातार जारी बारिश ने अब अपना रोद्र रूप अपना लिया है। भोपाल, सीहोर, रायसेन समेत कई जिलों में भारी बारिश होने से शनिवार को निचली बस्तियां जलमग्न हो गई तो वहीं कई गांवों का शहरों से सड़क संपर्क टूट गया।  प्रदेश में हो रही बारिश से इंदिरा सागर और ओंकारेश्वर बांध लबालब हो गए है। इनका जलस्तर नियंत्रित करने के लिए दोनों बांधों के गेट खोले गए है। भोपाल में पिछले तीन दिन से लगातार बारिश हो रही है। पिछले 24 घंटों में 3 इंच से ज्यादा बारिश हो चुकी है।


 हालात ये है कि सड़कों और कॉलोनियों में पानी भर गया है। जगह-जगह जलजमाव के हालात बन गए हैं। कोलार, कलियासोत और भदभदा डैम लबालब हो गए हैं। इन डैम के गेट खोलकर पानी छोड़ा जा रहा है। शिवपुरी के मोहिनी सागर और मड़ीखेड़ा बांध के गेट खोलने से सिंध नदी में भी पानी बढ़ गया है। क्वारी नदी का जलस्तर भी तेजी से बढ़ रहा है। सीहोर के नसरुल्लांगज और रेहटी में भारी बारिश से निचले इलाकों में पानी भर गया। शिवपुरी में बेतवा में नदी उफना गई। टापू पर फंसे दो चरवाहे और उनके जानवरों को रेस्क्यू किया गया।नर्मदा, शिप्रा और ताप्ती पहले से ही उफनाई हुई हैं। 
राजघाट बांध, भदभदा डैम, ओंकारेश्वर बांध और तवा डैम के साथ ही प्रदेश में कई जगह बांधों के गेट खोलने पड़े हैं। रविवार सुबह खंडवा में इंदिरा सागर के भी 20 में से 12 गेट खोलना पड़ गए। 6 गेट 1 मीटर और 6 गेट आधा मीटर तक खोले गए हैं। इंदिरा सागर डैम का जलस्तर 257.86 है। नर्मदापुरम में तवा डैम के गेट खुलने और ऊपरी हिस्सों में बारिश की वजह से इंदिरा सागर डैम में लगातार पानी भर रहा है। जुलाई का निर्धारित जलस्तर बनाए रखने के लिए पानी छोड़ा जा रहा है। नेमावर में नर्मदा नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है।

लगातार बारिश के कारण पुलों पर आवागमन बंद

जिले में लगातार बारिश के चलते सीहोर से सेमरा दांगी, सीहोर से श्यामपुर, चांदवड-भडारखेड़ी, बरखेड़ाहसन-नाईखेड़ी मार्ग, बरखेड़ा हसन-देहरी मार्ग, सीहोर- बिलकिसगंज- नीलबड़ मार्ग, कोठरी कला-निपानिया मार्ग, रामनगर-इछावर मार्ग , इछावर- झालवी मार्ग, सीहोर शहर में बकरी पुल मार्ग बंद कर दिया गया।

पानी के बहाव से क्षतिग्रस्त रोड की मरम्मत

लगातार तेज बारिश और पानी के तेज बहाव के कारण बिलकिसगंज-कोलार रोड क्षतिग्रस्त हो गया था। जिसपर जिला प्रशासन द्वारा कार्यवाही करते हुए रोड की मरम्मत की गई और आवागमन पुनः प्रारंभ कराया गया।

ग्राम पिपलिया मीरा से 4 लोगो को सुरक्षित निकाला

जिले के ग्राम पिपलिया मीरा में बाढ़ में फंसे नरसिंह, भूरा, फूलवती एवं प्रियांशी को सुरक्षित बाहर निकाला गया।

ग्राम नंदगांव से 12 लोगों को सुरक्षित निकाला

ग्राम नंदगांव से बाबूलाल प्रजापति, गायौतार प्रजापति, श्रीमती रमाबाई प्रजापति, शुभम प्रजापति, भूरा प्रजापति, सुनीता, अमीता, नानी, राजेन्द्र, श्रीमती रीनाबाई, ऋषभ, सौरभ को सुरक्षित बाहर निकाला गया। कुलास नदी से एक व्यक्ति को सुरक्षित निकाला कुलास नदी का पानी भर जाने से बाढ़ में फंसे गुलाब सिंह को भी सुरक्षित बाहर निकाला गया।

24 घंटे में रेहटी में दस इंच से अधिक वर्षा, कुलास नदी में बाढ़ से घिरे 5 गांव, आवागमन बंद

सीहोर। पिछले 24 घंटे में सीहोर में सवा इंच, श्यामपुर, भैरुंदा, बुदनी में चार-चार व जिले में सर्वाधिक 10 इंच से अधिक रेहटी में वर्षा दर्ज की गई, जो लगातार जारी है। इससे जनजीवन प्रभावित हो रहा है। नदी नालों के उफान पर आने से मुख्य मार्गो से शहरों का संपर्क आवागमन बंद होने से टूट गया है। रेहटी में जहां भब्बड़ नदी के उफान से शहर में जलभराव हो रहा है, तो दस से अधिक गांव का संपर्क टूट गया है, वहीं भोपाल व नर्मदापुरम मार्ग भी बंद हो गए है। जबकि भैरुंदा में नदी-नालों के उफान पर होने से भोपाल-इंदौर मार्ग सहित कई गांव का संपर्क कटा हुआ है। हालांकि दोनो ही जगह नर्मदा अभी खतरे के निशान से नीचे है, लेकिन प्रशासन लोगों को अलर्ट करने में जुटा हुआ है। इधर सीहोर में भी निचली बस्तियों में जगह-जगह पानी भर गया है। सैकड़ाखेड़ी के पास शेरपुर गांव में करीब 50 घरों में पानी भर गया। वहीं कुलांस के उफान पर आने से पुरानी चंदेरी, रामाखेड़ी, तकिपुर, महुआखेड़ी, ढाबला सहित अन्य गांव पानी से घिर गए है, वहीं कई घरों में पानी भी भर गया।

लगातार हो रही वर्षा से पुल पर पानी आ जाने के कारण रेहटी-अब्दुल्लागंज, मालीबाया-झोलियांपुल, रेहटी- नसरुल्लागंज, बिलकिसगंज-नीलबड़, रामनगर-झालकी, खंडाबड़-यारनगर तथा ग्राम डोडी-दोराहा मार्ग बंद कर दिया गया है। कलेक्टर चंद्रमोहन ठाकुर ने नागरिकों से अपील की है कि नदी, नाले, रपटा पर जलभराव की स्थिति में वहां से गुजरने वाले रास्तों को बाढ़ एवं पानी होने की स्थिति में पार नहीं करें। वर्षा के दौरान नदी, तालाब व डेम के आसपास पिकनिक मानने न जाएं। कलेक्टर ठाकुर ने सभी नागरिकों से खतरनाक और गहरे पानी वाली जगहों पर नहीं जाने की अपील की है। उन्होंने सभी अभिभवकों से अपील करते हुए कहा कि बच्चों को नदी, तालाब, पोखर में नहाने अथवा पिकनिक के लिए जाने से मना करें।