कथवाचक ने लगाए षट् दर्शन संत समाज के अध्यक्ष पर छेड़छाड़ के आरोप, कहा-गंदी बात करते थे महंत

मामले की जांच में जुटी पुलिस, शादी के फोटो और सर्टिफिकेट वायरल, Police engaged in investigation of the case, wedding photos and certificates went viral

कथवाचक ने लगाए षट् दर्शन संत समाज के अध्यक्ष पर छेड़छाड़ के आरोप, कहा-गंदी बात करते थे महंत

उज्जैन। वृंदावन की कथावाचक ने गऊघाट मार्ग स्थित आश्रम के संचालक महंत रामेश्वर दास पर छेड़छाड़ का आरोप लगाया हैं। महंत उज्जैन षट दर्शन संत समाज के अध्यक्ष हैं और महाकाल मंदिर समिति के पूर्व सदस्य के प्रतिनिधि रह चुके हैं। मंगलवार को महामंडलेश्वर ज्ञानदास महाराज और दूसरे साधु-संतों के साथ थाने पहुंचकर कथावाचक ने महंत के खिलाफ शिकायत की। कथावाचक ने कहा है कि महंत उससे गंदी बातें करते थे, जिसकी रिकार्डिंग उसके पास है। वहीं महंत ने कथावाचक की आरोपों को गलत बताते हुए कहा कि मैंने उसे बेटी माना है। 

मंहत रामेश्वर दास पर छेड़छाड़ का आरोप लगाने वाली कथावाचक ने बताया कि रामेश्वर दास महाराज मेरे साथ फोन पर गंदी बात करते थे। रिकॉर्डिंग मेरे पास है। आश्रम जाती थी तो गंदी हरकतें करते थे। गलत करने की कोशिश की। राजी नहीं हुई तो मरवाकर क्षिप्रा नदी में फिंकवाने तक की धमकी दी। मैंने अपनी बात दत्त अखाड़ा में रखी। सभी साधु-संतों ने कहा- बेटी हम तेरे साथ हैं। महंत ने मेरी महामंडलेश्वर ज्ञानदास महाराज के साथ शादी के झूठे डॉक्यूमेंट्स वायरल कर दिए। मेरी कोई शादी नहीं हुई। गौशाला के नाम पर उन्होंने मुझसे डॉक्यूमेंट्स लिए थे, जो मैंने उन्हें वॉट्सऐप पर सेंड किए। कुछ खिला-पिलाकर चिंतामन गणेश ले गए। होश नहीं थी, पता नहीं कहां साइन कराया।

आश्रम में किया दुष्कर्म का प्रयास
महंत 5-6 महीने से ऐसा कर रहे थे। मैं दबाव में थी, इसीलिए कुछ कह नहीं पा रही थी। सितंबर 2021 में गुरु आश्रम पर उनसे मुलाकात हुई थी। तंत्र विद्या सिखाने का कहा था। बोले थे- रोज आना पड़ेगा। तंत्र विद्या सिखाने के दौरान मुझे छूने लगे और अशोभनीय हरकत करने लगे। अपने गुरुजी ज्ञानदास महाराज को इसकी जानकारी दी। इसके बाद भी रामेश्वर दास महाराज के फोन मेरे पास लगातार आते रहे, इसकी रिकॉर्डिंग भी मेरे पास है। कई बार फोन लगाने पर मैं पुन: रामेश्वर दास महाराज के आश्रम गई थी। इस बार उन्होंने मुझसे दुष्कर्म का प्रयास किया। मैंने रिपोर्ट करने की बात कही तो धमकी दी कि कोई कुछ नहीं बिगाड़ पाएगा। जहां जाना है चली जाओ।

आरोपी गलत, मैंने उसे बेटी मानकर कन्यादान किया: महंत
यह गलतआरोप है। इससे मेरा कोई लेना-देना नहीं है। कुछ लोग आश्रम के आपसी विवाद के कारण मेरे खिलाफ जो बयान दिलवा रहे हैं, वह असत्य है। मैंने उसे बेटी माना है और पूरे विधि विधान से चिंतामण गणेश मंदिर में पिछले साल महामंडलेश्वर से उसकी शादी कराई। मैंने कन्यादान किया। इस तरह के विचार तक नहीं रख सकता। वह बोलीं थी- शादी के बारे में किसी को नहीं बताना, नहीं तो हमारे भक्त आवभगत नहीं करेंगे। मैंने इस बात को किसी को नहीं बताया। जो एक महिला इनकी पूर्व की परिचित थी उसने यहां आकर संतों से कहा कि कथावाचक ने आश्रम बेचा और शादी कर ली है। इन्हें लगता है कि ये सब मैंने महिला से कराया है। इसलिए आरोप लगवा रहे हैं। 

शादी के फोटो और सर्टिफिकेट वायरल
कथावाचक जब थाने में महंत के खिलाफ शिकायत कर रही थी, इसी बीच ज्ञानदास के साथ उनकी शादी के फोटो और सर्टिफिकेट सोशल मीडिया पर वायरल हो गए। शादी के सर्टिफिकेट में कथावाचक की उम्र 27 साल है। पता अशोकनगर, मध्य प्रदेश है। पति ज्ञानदास की उम्र 42 है। विवाह उज्जैन के चिंतामन मंदिर में हुआ। ज्ञानदास (कथावाचक के गुरु) हैं।

मामले की जांच के बाद होगी कार्रवाई
कथावाचक के थाने पहुंचने की खबर जैसे ही वैष्णव समुदाय के साधुओं को लगी, तो उन्होंने रामेश्वर दास से मिलकर विवाद को समझा। एसपी से मिलकर मामले को अवगत कराने की बात कही। सीएसपी विनोद मीणा ने कहा कि युवती ने आवेदन दिया है। जांच करने के बाद कार्रवाई करेंगे।