पढाई ख़त्म होने के दो साल बाद भी नहीं मिली नौकरी, बेरोजगारी से तंग आकर इंजीनियर ने की आत्महत्या

बेरोजगारी से तंग आकर 24 साल की इंजीनियर ने आत्महत्या कर ली। परिजन उसे फंदे से उतारकर अस्पताल ले गए, लेकिन उसकी जान नहीं बचाई जा सकी। इंजीनियर युवती के परिजनों ने बताया कि जॉब नहीं मिलने से वह मानसिक तनाव में चल रही थी।

पढाई ख़त्म होने के दो साल बाद भी नहीं मिली नौकरी, बेरोजगारी से तंग आकर इंजीनियर ने की आत्महत्या
प्रतीकात्मक फोटो

राजधानी में बेरोजगारी से तंग आकर 24 साल की इंजीनियर ने आत्महत्या कर ली। परिजन उसे फंदे से उतारकर अस्पताल ले गए, लेकिन उसकी जान नहीं बचाई जा सकी। इंजीनियर युवती के परिजनों ने बताया कि जॉब नहीं मिलने से वह मानसिक तनाव में चल रही थी। पुलिस को मौके से कोई सुसाइड नोट नहीं मिला था। कोलार थाने के एसआई प्रमोद शर्मा ने बताया कि कोलार की बासखेड़ी में रहने वाली 24 साल की आकृति कुशवाह पुत्री रामनरेश कुशवाह ने दो साल पहले इंजीनियरिंग की पढ़ाई पूरी की थी। उसके बाद से ही वह जॉब की तलाश में थी। रविवार दोपहर उसने पहली मंजिल में अपने कमरे में साड़ी से फांसी लगा ली। घटना के दौरान आकृति की मां घर के बाहर बैठी हुई थीं। दोपहर करीब 4.30 बजे मां घर के अंदर आईं। तो उन्होंने आकृति को आवाज लगाई, लेकिन बेटी का जवाब नहीं आया। वे उसे आवाज लगाते हुए पहली मंजिल पर उसके कमरे तक पहुंची। आकृति उन्हें कमरे में फंदे पर लटकी मिली। मां पड़ोसियों की मदद से उसे अस्पताल ले गईं। इलाज के दौरान डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। पुलिस को सुसाइड की सूचना अस्पताल से मिली। पुलिस ने सोमवार को पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया।