बसंत पंचमी के दिन क्यों बनाएं जाते हैं पीले चावल, कैसे करें पूजा जानें विधि

आज के दिन मुहूर्त के अनुसार साहित्य, शिक्षा, कला इत्यादि के क्षेत्र से जुड़े लोग विद्या की देवी सरस्वती की पूजा-आराधना करते हैं। देवी सरस्वती की पूजा के साथ यदि सरस्वती स्त्रोत भी पढ़ा जाए तो अद्भुत परिणाम प्राप्त होते हैं और देवी प्रसन्न होती हैं। 

बसंत पंचमी के दिन क्यों बनाएं जाते हैं पीले चावल, कैसे करें पूजा जानें विधि

बसंत पंचमी के दिन मां सरस्वती की पूजा की जाती है। मां को प्रसन्न करने के लिए इस दिन पीले वस्त्र पहने जाते हैं। साथ ही घर में पीले रंग का भोजन बनाया जाता है। बसंत पंचमी के दिन घर में पीले चावल जिसे मीठा भात कहा जाता है। पीले चावल के लिए केसर का इस्तेमाल किया जाता है। क्या आप जानते हैं बसंत पंचमी के दिन पीले चावल क्यों बनाया जाता है? 

आज के दिन यानि बसंत पंचमी के दिन पीला रंग के कपड़े और पीले रंग का भोजन करना बेहद शुभ माना जाता है। आज के दिन मां सरस्तवी की पूजा की जाती है। हिंदू धर्म के अनुसार मां सरस्तवी को पीले चावल बहुत ही पसंद है। ऐसे में मां को प्रसन्न करने करने के लिए पीले चावल का भोग लगाया जाता है। आप भी मां को प्रसन्न करने के लिए पीले चावल बना सकते हैं।

माघ महीने शुक्ल पक्ष की पंचमी को सरस्वती पूजा के रूप में मनाया जाता है। इस दिन को वसंत पंचमी के तौर पर मनाने की भी परंपरा है। यह दिन ज्ञान, विद्या, बुद्धिमत्ता, कला और संस्कृति की देवी माँ सरस्वती को समर्पित है। ऐसा माना जाता है कि माघ शुक्ल पंचमी के दिन देवी सरस्वती की पूजा विशेष फलदायी होती है और इस दिन माँ शारदा के पूजन का बहुत महत्व है। 

आज के दिन मुहूर्त के अनुसार साहित्य, शिक्षा, कला इत्यादि के क्षेत्र से जुड़े लोग विद्या की देवी सरस्वती की पूजा-आराधना करते हैं। देवी सरस्वती की पूजा के साथ यदि सरस्वती स्त्रोत भी पढ़ा जाए तो अद्भुत परिणाम प्राप्त होते हैं और देवी प्रसन्न होती हैं। 

बसंत पंचमी पूजा विधि

  • मां सरस्वती की प्रतिमा या मूर्ति को पीले रंग के वस्त्र अर्पित करें।
  • बसंत पंचमी के दिन मां सरस्वती को पीले मीठे चावल से भोग लगाएं।
  • बसंत पंचमी के दिन मां सरस्वती को पीले फल जैसे बेर और केला अर्पित करें।
  • अब रोली, चंदन, हल्दी, केसर, चंदन, पीले या सफेद रंग के पुष्प, पीली मिठाई और अक्षत अर्पित करें।
  • अब पूजा के स्थान पर वाद्य यंत्र और किताबों को अर्पित करें। 
  • मां सरस्वती की वंदना का पाठ करें। 
  • इस दिन मां सरस्वती के लिए व्रत भी रख सकते हैं। 
  • बसंत पंचमी के दिन गरीब जरूरतमंद बच्चों को कॉपी पेंसिल और पढ़ाई से जुड़ी अन्य वस्तुएं दान करें। 
  • बसंत पंचमी के दिन पीले कपड़े पहनें।