यूएन में 370 पर पाक को भारत करारा जवाब

अपनी करतूतें छिपाने के लिए हमारे खिलाफ बयान दिया : भारत

यूएन में 370 पर पाक को भारत करारा जवाब

पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शाहबाज शरीफ ने UNGA के 77वें सत्र को संबोधित किया। इस दौरान वे कश्मीर मुद्दे को उठाने से पीछे नहीं हटे। इतना ही नहीं उन्होंने आर्टिकल 370 का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा वह पाकिस्तान और भारत के बीच शांति और अच्छे व्यवहार चाहते हैं। ये शांति जम्मू-कश्मीर विवाद के न्याय और स्थायी समाधान पर निर्भर है। यहां वे आर्टिकल 370 के बारे में बोल रहे थे। इस पर भारत ने करारा जवाब दिया है।
पाकिस्तान के पीएम शाहबाज ने संबोधन के दौरान 10 बार कश्मीर और 9 बार भारत का नाम लिया। इस पर संयुक्त राष्ट्र में भारत मिशन के प्रथम सचिव मिजिटो विनिटो ने कहा- जम्मू-कश्मीर पर दावा करने के बजाय पाकिस्तान को सीमा पार आतंकवाद को रोकना चाहिए। वे अपनी करतूत छिपाने और भारत के खिलाफ कार्रवाई को सही ठहराने के लिए ऐसा कह रहे हैं। यही पहली बार नहीं है जब पाकिस्तान  ने संयुक्त राष्ट्र महासभा के मंच पर खड़े होकर कश्मीर का राग अलापा है, लेकिन दुनिया के किसी भी देश से समर्थन नहीं मिला।
अपने संबोधन के दौरान पाकिस्तानी ढट शाहबाज ने एक भी बार 'आर्टिकल 370' बोला नहीं, लेकिन उनका इशारा इसी तरफ था। शहबाज शरीफ ने कश्मीर को लंबा विवाद करार देते हुए कहा- भारत ने जम्मू-कश्मीर के विशेष दर्जे को बदलने के लिए 5 अगस्त 2019 को एकतरफा कदम उठाया। भारत के फैसले से समाधान और मुश्किल हो गया है। जम्मू कश्मीर को हिंदू टेरेटरी बनाने की साजिश हो रही है। यहां भारत के फैसले से उनका मतलब कश्मीर से आर्टिकल 370 हटाने से था। उन्होंने कहा- भारत को दोनों देशों के जुड़ाव के लिए विश्वसनीय कदम उठाने चाहिए। 1947 के बाद से दोनों देशों के बीच 3 युद्ध हुए हैं। इससे दोनों तरफ दुख, गरीबी और बेरोजगारी बढ़ी है। अब यह हम पर निर्भर है कि हम अपने मतभेदों, समस्याओं और अपने मुद्दों को शांतिपूर्ण बातचीत और चर्चा करके सुलझाएं। मुझे लगता है कि अब समय आ गया है कि भारत इस संदेश को समझे कि दोनों देश एक दूसरे से जुड़े हुए हैं।