जानें 2 दिसंबर को क्यों मनाया जाता है विश्व कंप्यूटर साक्षरता दिवस। इसके इतिहास, उद्देश्य और डिजिटल युग में इसके महत्व पर विस्तृत आलेख।

फीचर डेस्क. स्टार समाचार वेब
हर साल 2 दिसंबर को विश्व कंप्यूटर साक्षरता दिवस (World Computer Literacy Day) मनाया जाता है। यह दिन डिजिटल साक्षरता को बढ़ावा देने और लोगों को आधुनिक तकनीक से जुड़ने के लिए प्रेरित करने के महत्व को रेखांकित करता है। इसका मुख्य उद्देश्य डिजिटल खाई को पाटना और विशेष रूप से विकासशील देशों में महिलाओं तथा बच्चों को तकनीकी रूप से सशक्त बनाना है।
इस दिवस की शुरुआत वर्ष 2001 में एक प्रमुख भारतीय आईटी कंपनी एनआईआईटी (NIIT) ने की थी। एनआईआईटी ने यह दिन अपनी 20वीं वर्षगांठ के अवसर पर मनाया था। कंपनी ने डिजिटल साक्षरता को एक सामाजिक जिम्मेदारी के रूप में लिया और इस दिन को डिजिटल ज्ञान को बढ़ाने के लिए समर्पित किया। इसका लक्ष्य एक ऐसे समाज का निर्माण करना था जहाँ कोई भी व्यक्ति कंप्यूटर और इंटरनेट के उपयोग के मूलभूत ज्ञान से वंचित न रहे।
वर्तमान युग को सूचना प्रौद्योगिकी का युग कहा जाता है, जहाँ डिजिटल कौशल एक बुनियादी आवश्यकता बन गया है। कंप्यूटर साक्षरता केवल कंप्यूटर चलाने तक ही सीमित नहीं है, बल्कि यह व्यक्तियों को निम्न कारणों से सशक्त बनाती है:
रोजगार के अवसर: आज के दौर में लगभग हर उद्योग में कंप्यूटर कौशल की आवश्यकता होती है। साक्षरता लोगों को बेहतर नौकरी के अवसर और करियर में प्रगति प्रदान करती है।
दैनिक जीवन में सुविधा: ऑनलाइन बैंकिंग, सरकारी सेवाओं का लाभ उठाना, डिजिटल भुगतान करना और सूचना तक पहुंच बनाना—ये सभी कार्य कंप्यूटर साक्षरता पर निर्भर हैं।
शैक्षणिक विकास: छात्रों के लिए यह दिवस विशेष रूप से महत्वपूर्ण है, क्योंकि डिजिटल साक्षरता उन्हें ऑनलाइन शिक्षण, अनुसंधान और आधुनिक शिक्षा उपकरणों का उपयोग करने में सक्षम बनाती है।
डिजिटल सुरक्षा: कंप्यूटर साक्षरता लोगों को साइबर खतरों, फ़िशिंग और ऑनलाइन धोखाधड़ी के बारे में जागरूक करती है, जिससे वे डिजिटल दुनिया में सुरक्षित रह सकते हैं।
सामाजिक समावेश: यह दिवस ग्रामीण और पिछड़े क्षेत्रों के लोगों को मुख्यधारा से जोड़ता है, जिससे वे वैश्विक सूचना नेटवर्क का हिस्सा बन सकें।
भारत में, डिजिटल इंडिया जैसी पहलों के माध्यम से कंप्यूटर साक्षरता को एक राष्ट्रीय मिशन के रूप में लिया गया है। इस दिवस के अवसर पर, विभिन्न सरकारी और गैर-सरकारी संगठन मुफ्त प्रशिक्षण कार्यक्रम, कार्यशालाएँ और जागरूकता अभियान आयोजित करते हैं। आगे की राह यह सुनिश्चित करने की है कि तकनीकी प्रगति की गति के साथ-साथ सभी आयु वर्ग के लोग अपने कौशल को अपडेट करते रहें। कंप्यूटर साक्षरता दिवस हमें याद दिलाता है कि डिजिटल ज्ञान एक विशेषाधिकार नहीं, बल्कि एक अधिकार है, जो हर किसी के लिए समान अवसर सुनिश्चित करता है।

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