मध्यप्रदेश में बाघों की बढ़ती आबादी अब चिंता का विषय बनने लगी है। कभी गांवों में घुसकर तो कभी जंगलों में लोगों पर हमले करने लगे हैं। इतना सब होने के बाद भी वन विभाग के जिम्मेदार हाथ पर हाथ धरे बैठे नजर आ रहे हैं। इससे प्रभावित ग्रामीणों में आक्रोश भी पनप रहा है।
By: Arvind Mishra
Aug 29, 2025just now
बालाघाट। स्टार समाचार वेब
मध्यप्रदेश में बाघों की बढ़ती आबादी अब चिंता का विषय बनने लगी है। कभी गांवों में घुसकर तो कभी जंगलों में लोगों पर हमले करने लगे हैं। इतना सब होने के बाद भी वन विभाग के जिम्मेदार हाथ पर हाथ धरे बैठे नजर आ रहे हैं। इससे प्रभावित ग्रामीणों में आक्रोश भी पनप रहा है। दरअसल, दक्षिण वन मंडल बालाघाट के अंतर्गत वन परिक्षेत्र कटंगी और वारासिवनी की सीमा से लगे नगझर सिरपुर के जंगल में गुरुवार को बांस काटने गए सात लोगों में से एक पर बाघ ने हमला कर शिकार कर लिया, जबकि साथ में गए अन्य लोग किसी तरह से अपनी जान बचाकर भाग आए। गांव में आकर ग्रामीणों और परिजनों को घटना की जानकारी दी गई। दक्षिण वन मंडल में आठ माह के भीतर बाघ ने चार लोगों का शिकार किया है और दो लोगों को घायल कर चुका है। ग्राम सिरपुर निवासी मंगरूलाल सरार्टी गांव के अन्य छह लोगों के साथ घरेलू उपयोग के लिए बांस कटाने गांव के जंगल में गया था। इस दौरान सभी लोग बांस अलग-अलग काट रहे थे कि बाघ ने मंगरूलाल पर हमला कर दिया।
बताया जा रहा है कि गांव में बाघ के हमले की जानकारी मिलने के बाद गांव के लोगों ने मंगरूलाल को ढूंढने का प्रयास किया, लेकिन वह नहीं मिला। जिसकी सूचना वन विभाग को दी गई। देर शाम हो जाने की वजह से टीम ने खोजबीन नहीं कर पाई।
शुक्रवार को घटना स्थल पर कटंगी और वारासिवनी परिक्षेत्र की टीम मौके पर पहुंची। जिसमें मृतक के शरीर का कमर वाला हिस्सा को बाघ ने आधा खा लिया था। एक पैर का हिस्सा भी शव से कुछ दूर पड़ा मिला। वन अमले ने शव बरामद कर पीएम भेजा गया है। जहां पर शव मिला है वह चिरचिरा के कलेरी नाला, नगझर व सिरपुर तीनों बीट समीप में ही है।