क्या आपको अचानक चक्कर या कमजोरी महसूस होती है? यह लो ब्लड शुगर (Hypoglycemia) हो सकता है। जानें इसके खतरनाक स्तर, घरेलू उपचार और बचाव के टिप्स।
By: Ajay Tiwari
Jan 21, 20266:30 PM
हेल्थ डेस्क. स्टार समाचार वेब
अक्सर लोग हाई ब्लड शुगर (Diabetes) को लेकर चिंतित रहते हैं, लेकिन क्या आप जानते हैं कि लो ब्लड शुगर (Hypoglycemia) उससे भी अधिक घातक हो सकता है? यदि शरीर में शुगर का स्तर अचानक गिर जाए, तो यह कुछ ही मिनटों में व्यक्ति को बेहोश कर सकता है और गंभीर स्थितियों में जानलेवा भी साबित हो सकता है। हम बताते हैं कि लो ब्लड शुगर क्या है, इसके खतरे क्या हैं और आपातकालीन स्थिति में आपको क्या करना चाहिए।
जब रक्त में ग्लूकोज (चीनी) का स्तर 70 mg/dL से नीचे चला जाता है, तो इस स्थिति को मेडिकल भाषा में 'हाइपोग्लाइसीमिया' कहा जाता है। ग्लूकोज हमारे शरीर और मस्तिष्क के लिए ऊर्जा का मुख्य स्रोत है। इसकी कमी होने पर शरीर के अंग सही ढंग से काम करना बंद कर देते हैं।
ब्लड शुगर के स्तर को समझना जीवन रक्षक हो सकता है:
70-60 mg/dL: यह एक चेतावनी है। शरीर संकेत देने लगता है कि उसे ऊर्जा की जरूरत है।
60-50 mg/dL: शरीर में कंपन, तेज पसीना और घबराहट शुरू हो जाती है।
50-40 mg/dL: मानसिक भ्रम (Confusion) और अत्यधिक कमजोरी महसूस होती है।
40 mg/dL से नीचे: यह एक मेडिकल इमरजेंसी है। इससे बेहोशी, दौरे पड़ना या ब्रेन डैमेज का खतरा रहता है।
लो ब्लड शुगर होने पर शरीर निम्नलिखित लक्षण दिखाता है:
अचानक बहुत अधिक पसीना आना।
दिल की धड़कन तेज होना और बेचैनी।
हाथ-पांव कांपना या कमजोरी महसूस होना।
आंखों के सामने अंधेरा छाना या चक्कर आना।
तेज भूख लगना और चिड़चिड़ापन।
गंभीर स्थिति में बोलने में लड़खड़ाहट या बेहोशी।
इंसुलिन की अधिक मात्रा: डायबिटीज के मरीजों द्वारा दवा या इंसुलिन का गलत डोज लेना।
भोजन छोड़ना: समय पर खाना न खाना या लंबे समय तक भूखे रहना।
अत्यधिक व्यायाम: क्षमता से ज्यादा फिजिकल एक्टिविटी करना।
खाली पेट शराब: बिना कुछ खाए शराब का सेवन शुगर लेवल को तेजी से गिराता है।
अगर शुगर कम महसूस हो, तो तुरंत '15-15 का नियम' अपनाएं:
15 ग्राम फास्ट-एक्टिंग कार्बोहाइड्रेट लें (जैसे: 1 चम्मच चीनी, शहद, आधा गिलास फ्रूट जूस या 3-4 ग्लूकोज टैबलेट)।
15 मिनट तक प्रतीक्षा करें और फिर शुगर जांचें।
यदि स्तर अभी भी 70 से कम है, तो प्रक्रिया दोहराएं।
नियमित भोजन: छोटे-छोटे अंतराल पर भोजन करें। मील स्किप न करें।
स्नैक्स साथ रखें: यात्रा के दौरान हमेशा टॉफी, ग्लूकोज या बिस्किट साथ रखें।
नियमित जांच: ग्लूकोमीटर से अपने शुगर लेवल की मॉनिटरिंग करते रहें।
शराब से परहेज: खाली पेट शराब का सेवन बिल्कुल न करें।
यदि स्थिति बार-बार बिगड़ती है, तो डॉक्टर आपकी दवाओं की खुराक बदल सकते हैं। गंभीर मामलों में अस्पताल में IV ग्लूकोज या ग्लूकागन इंजेक्शन दिया जाता है।
Q1. क्या बिना डायबिटीज वाले लोगों को भी लो शुगर हो सकता है?
हाँ, अत्यधिक उपवास, कुपोषण या लिवर/किडनी की बीमारी के कारण गैर-डायबिटिक लोगों में भी यह हो सकता है।
Q2. रात में लो शुगर होने पर क्या करें?
सोते समय पसीना आना या डरावने सपने आना रात के हाइपोग्लाइसीमिया के लक्षण हैं। सोने से पहले एक हल्का स्नैक लेना फायदेमंद हो सकता है।
Q3. क्या लो शुगर से याददाश्त पर असर पड़ता है?
बार-बार शुगर लेवल बहुत कम होने से मस्तिष्क की कोशि