सतना जिला अस्पताल में 28 वर्षीय रंजना पटेल ने सामान्य प्रसव से अलग-अलग समयांतराल में तीन बच्चों को जन्म देकर नया रिकॉर्ड बनाया। कम वजन के कारण तीनों नवजातों को एसएनसीयू में भर्ती कराया गया है, जबकि मां स्वस्थ है। 21 नवम्बर को हुई इस डिलेवरी में चिकित्सकों की टीम ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

प्रमुख बिंदु:
सतना, स्टार समाचार वेब
जिला अस्पताल इस समय नित नए रिकार्डों को दर्ज कर रहा है। हाल ही में एक दिन में जिले भर से 22 प्रसूताओं को प्रसव के लिए जिला अस्पताल रेफर किया गया था, वहीं अब प्रसूता द्वारा एक साथ तीन बच्चों का जन्म देने का रिकार्ड बना है। बताया गया कि शुक्रवार को प्रसूता ने कुछ समय के अंतरालों में सामान्य प्रसव से तीन बच्चों को जन्म दिया। अस्पताल से मिली जानकारी के मुताबिक रंजना पटेल पति मिथलेश पटेल उम्र 28 साल निवासी ग्राम बुढेरुआ को प्रसव पीड़ा पर 20 नवम्बर की दोपहर 3 बजे जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया था। प्रसूता की यह दूसरी डिलेवरी थी, पहली डिलेवरी सामान्य प्रसव से हुई थी जिसमें मृत बच्चा पैदा हुआ था।
अलग-अलग समय पर पैदा हुए बच्चे
बताया गया कि प्रसूता ने सामान्य प्रसव के दौरान अलग-अलग समय के अंतराल में तीन बच्चों को जन्म दिया। महिला की डिलेवरी 21 नवम्बर को शाम के वक्त हुई। पहली डिलेवरी शाम 4.38 बजे हुई जिसमें डेढ़ किलो का बालक पैदा हुआ, उसके बाद दूसरी डिलेवरी 6.25 बजे हुई जिसमें एक किलो की बालिका एवं तीसरी डिलेवरी 6.31 बजे हुई जिसमें 1.4 किलो के बालक ने जन्म लिया। डिलेवरी के बाद तीनों बच्चों की हालत गंभीर होने पर उन्हें सिक न्यूबार्न केयर यूनिट (एसएनसीयू)वार्ड में भर्ती कराया गया।
सोनोग्राफी में बताया रिस्क फैक्टर
परिजनों ने बताया कि निजी क्लीनिक में प्रसव पूर्व प्रसूता की सोनोग्राफी कराने पर चिकित्सकों ने स्थितियां गंभीर बताई थी, हालांकि चिकित्सकों की मदद से प्रसूता की सामान्य डिलेवरी कराई गई। चिकित्सकों ने बताया कि तीनों बच्चों के वजन कम होने के चलते उन्हें एसएनसीयू वार्ड में इलाज के लिए भर्ती किया गया है। दोनों बालक कुछ हद तक ठीक हैं लेकिन बच्ची की हालत नाजुक है। हालांकि प्रबंधन द्वारा तीनों बच्चों का इलाज किया जा रहा है, जबकि मां पूर्णत: स्वस्थ है और वार्ड में भर्ती है। प्रबंधन के मुताबिक प्रसूता का सामान्य आॅपरेशन गायनी विभाग के डा. आशुतोष पांडेय द्वारा कराया गया था।


जबलपुर हाईकोर्ट का ऐतिहासिक फैसला, सरकारी कर्मचारियों को मिलेगा 100% वेतन और एरियर्स

खरमास 2025-2026: कब से कब तक रहेगा, जानें शुभ कार्यों की मनाही का कारण

ऑपरेशन सिंदूर...मुझे एक तस्वीर दिखा दो...जिसमें भारत का एक गिलास भी नहीं टूटा हो

लागू होंगे नए अवकाश नियम: CCL में वेतन कटौती, EL को 'अधिकार' नहीं मानेगा MP वित्त विभाग

आहत जनता को राहत...निचले स्तर पर आई थोक महंगाई

जैतवारा से लेकर बारामाफी तक आक्रोश

सुरक्षित और नेचुरल तरीके से बाल करना है काले तो अपनाएं ये उपाय

बची हुई चाय को दोबारा गर्म करके पीने क्या होगा, जानें इसके बारे में?

अगर 40 की उम्र कर ली है पार और रहना चाहते हैं तंदरुस्त तो अपनाएं ये आदतें

ठंडा पानी पीने और मीठा खाने पर दांतों में होती है झनझनाहट तो हो जाएं सावधान, नहीं तो हो सकती है बड़ी समस्या

ठंड में बढ़ जाती है डिहाइड्रेशन की समस्या, जानें क्या है कारण ?

तनाव से चाहिए है छुटकारा तो इन चीजों से करें तौबा, अपनाएं ये सलाह
हनुमान जयंती 2026 के अवसर पर आज मध्य प्रदेश के भोपाल में यातायात प्रभावित रहेगा. शाम 4 बजे से ट्रैफिक पूरी तरह से प्रभावित रहेगा. मध्य प्रदेश ट्रैफिक पुलिस ने भोपाल के लिए रूट डायवर्जन प्लान जारी किया है. घर से निकलने से पहले डायवर्टेड रूट के बारे में जरूर जान लें.
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने वाराणसी में काशी विश्वनाथ कॉरिडोर का भ्रमण किया। सिंहस्थ-2028 के लिए क्राउड मैनेजमेंट और सुशासन को लेकर MP-UP के बीच नई रणनीति तैयार।
रीवा-छत्रपति शिवाजी महाराज टर्मिनस एक्सप्रेस को नियमित करने की मंजूरी मिल गई है। चार साल से एक्सटेंशन पर चल रही ट्रेन जल्द नियमित होगी, जिससे यात्रियों को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है।
रीवा के लोही गांव में वृद्ध महिला की बेरहमी से हत्या कर सिर काटकर ले जाया गया। पुलिस ने सर्च में सिर बरामद किया, मामले की जांच जारी है और आरोपियों की तलाश की जा रही है।
रीवा में अमहिया रोड चौड़ीकरण से पहले प्रशासन सख्त हुआ। करीब 200 दुकानें प्रभावित हैं। दुकानदारों को स्वयं अतिक्रमण हटाने के निर्देश दिए गए, अन्यथा बुलडोजर कार्रवाई की चेतावनी दी गई है।
सिंगरौली के मुहेर गांव में नल-जल योजना विफल होने से ग्रामीण दूषित पानी पीने को मजबूर हैं। जल संकट गहराने से बीमारियों का खतरा बढ़ा, प्रशासन की अनदेखी पर लोगों में भारी आक्रोश है।
सिंगरौली के मुहेर गांव में नल-जल योजना विफल होने से ग्रामीण दूषित पानी पीने को मजबूर हैं। जल संकट गहराने से बीमारियों का खतरा बढ़ा, प्रशासन की अनदेखी पर लोगों में भारी आक्रोश है।
रामनगर सीएचसी में ब्लड स्टोरेज सेंटर का लाइसेंस खत्म होने से मरीजों को सतना तक 70 किमी जाना पड़ रहा है। संसाधनों की कमी से सुविधा शुरू नहीं हो सकी, जिससे गंभीर मरीजों को परेशानी हो रही है।
सतना के उचेहरा में मजदूरी मांगने पर अधेड़ की बेरहमी से हत्या कर दी गई। आरोप है कि पहले शराब पिलाई गई और फिर पीट-पीटकर घायल किया गया, जिसकी अस्पताल में मौत हो गई।
रीवा संभाग में गेहूं उत्पादन 4.19 लाख एमटी अनुमानित है। सतना और रीवा आगे हैं, जबकि मऊगंज और सिंगरौली पीछे। पंजीकृत किसानों में से केवल आधे ही समर्थन मूल्य पर उपज बेच पाएंगे।