रीवा के संजय गांधी और सुपर स्पेशलिटी अस्पताल में नवंबर-दिसंबर के दौरान दिल के मरीजों की संख्या रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गई।
By: Yogesh Patel
Jan 15, 20264:10 PM
हाइलाइट्स
रीवा, स्टार समाचार वेब
संजय गांधी अस्पताल और सुपर स्पेशलिटी अस्पताल में ठंड के दो महीने राहत भरे रहे लेकिन दिल के मरीजों की संख्या ने रिकार्ड तोड़ दिया। नवंबर और दिसंबर में सबसे अधिक भीड़ कार्डियोलॉजी विभाग में पहुंची। भर्ती होने वाले मरीजों की संख्या में भी इजाफा हुआ। सीटीवीएस में भी पर्याप्त मरीज पहुंचे। वहीं अन्य विभागों में इनकी संख्या कम ही रही।
आपको बता दें कि इस बार ठंड ने सारे रिकार्ड तोड़ दिए। अक्टूबर अंत तक बारिश होती रही। बारिश में अस्पताल में मरीजों की संख्या पर्याप्त पहुंची थी। अक्टूबर में ही संजय गांधी अस्पताल में आईपीडी और ओपीडी का आंकड़ा 80 हजार के पार पहुंच गया था। अस्पताल में मरीजों के भर्ती करने के लिए जगह नहीं थी। इसके बाद नवंबर शुरू हुआ तो थोड़ी राहत मिली। ओपीडी और आईपीडी में संख्या कम हुई। इस आंकड़े में करीब 10 हजार से भी ज्यादा की कमी आई। हालांकि इन दो महीनों में सर्वाधिक भीड़ कार्डियोलॉजी विभाग में देखने को मिली। ठंड ने सबसे अधिक दर्द दिल को ही दिया। दिल के मरीजों की संख्या में कमी नहीं आई। इनकी संख्या तेजी से बढ़ी। यही वजह है कि ओपीडी और आईपीडी बढ़ती गई। अब जनवरी में ठंड कम हो रही है। उम्मीद है कि अब दिल के रोगियों को भी राहत मिलेगी।
मौसम बदलते ही फिर बढ़ने लगेगी भीड़
फिलहाल ठंड पड़ रही है। ऐसे में अन्य विभागों को भीड़ से राहत मिल गई है लेकिन जैसे ही मौसम में बदलाव आएगा। वैसे ही फिर से अन्य विभागों में भी भीड़ बढ़नी शुरू हो जाएगी। सुपर स्पेशलिटी अस्पताल में वर्तमान समय में मेला लग रहा है। ठंड के कारण लोगों की नसें सिकुड़ रही हैं। बीपी, शुगर के मरीजों को दिल की बीमारियां घेर रही हैं। लगातार इनकी संख्या सुपर स्पेशलिटी में बढ़ती जा रही है। यहां तक की हार्ट ब्लाकेज के भी मामले ज्यादा पहुंच रहे हैं।
कार्डियोलॉजी
मंथ ओपीडी आईपीडी
अक्टूबर 5662 350
नवंबर 4903 362
दिसंबर 5726 371
सीटीवीएस
अक्टूबर 231 31
नवंबर 235 18
दिसंबर 288 20
डर्मेटोलॉजी
अक्टूबर 5528 10
नवंबर 4580 02
दिसंबर 4193 02
मेडिसिन
अक्टूबर 13900 2339
नवंबर 10813 1701
दिसंबर 10397 1616
कुल मरीज