मध्यप्रदेश हाईकोर्ट की इंदौर बेंच ने शहर के भागीरथपुरा में दूषित पानी पीने से हुई 17 लोगों की मौत और बीमारी के मामले में तल्ख टिप्पणी करते हुए जिम्मेदारों को जमकर फटकार लगाई। हाईकोर्ट ने दो टूक शब्दों में कहा- देश के सबसे स्वच्छ शहर में ऐसा हो रहा, बहुत ही दुखद है।
By: Arvind Mishra
Jan 06, 20262:48 PM
इंदौर। स्टार समाचार वेब
मध्यप्रदेश हाईकोर्ट की इंदौर बेंच ने शहर के भागीरथपुरा में दूषित पानी पीने से हुई 17 लोगों की मौत और बीमारी के मामले में तल्ख टिप्पणी करते हुए जिम्मेदारों को जमकर फटकार लगाई। हाईकोर्ट ने दो टूक शब्दों में कहा- देश के सबसे स्वच्छ शहर में ऐसा हो रहा, बहुत ही दुखद है। देश ही नहीं, विदेश तक शहर की छवि दागदार हुई है। मध्यप्रदेश का नाम खराब हो रहा है। कोर्ट में कहा-यह मामला सिर्फ इंदौर नहीं पूरे प्रदेश का है। हम चाहते हैं कि मप्र के मुख्य सचिव अनुराग जैन खुद शासन का पक्ष कोर्ट के सामने रखें। वे अगली सुनवाई पर वीसी के माध्यम से हाजिर हो सकते हैं। कोर्ट ने यह भी कहा कि अखबारों औ टीवी चैनलों में चल रहीं खबरें बता रही हैं कि पूरे शहर में दूषित पानी सप्लाई हो रहा है।
तीन याचिकाओं पर सुनवाई
दरअसल, भागीरथपुरा कांड को लेकर दाखिल तीन जनहित याचिकाएं दाखिल की गई हैं। जिस पर आज यानी मंगलवार को एक साथ सुनवाई हुई। याचिकाओं में मरीजों के मुफ्त उपचार, मृतकों के परिजनों को पर्याप्त मुआवजा और दोषी अफसरों के खिलाफ आपराधिक प्रकरण दर्ज करने जैसी मांगें की गई हैं। इसके साथ ही एक याचिका में हादसे के लिए जिम्मेदार अधिकारियों और एजेंसियों की पहचान कर उनके खिलाफ कार्रवाई की मांग की गई है।
अभी भी 15 का आईसीयू में इलाज
इंदौर के भागीरथपुरा में दूषित जल संकट दूर होने का नाम नहीं ले रहा है। उल्टी-दस्त के 38 नए पीड़ित सामने आए हैं। अब तक 17 लोगों की मौत हो चुकी है। अलग-अलग अस्पतालों में 110 से ज्यादा मरीज भर्ती हैं। 15 का आईसीयू में इलाज चल रहा है।