सीबीआई ने 17 लोगों के खिलाफ आरोपपत्र दायर किया है। इनमें चार चीनी भी शामिल हैं। इसके अलावा आरोपपत्र में 58 कंपनियों को भी आरोपी बनाया गया है। ये सभी कथित तौर पर साइबर धोखाधड़ी वाले एक अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क से जुड़े थे। इन पर मुखौटा (शेल) कंपनियां बनाकर और आनलाइन एक हजार करोड़ रुपए से अधिक की धोखाधड़ी करने का आरोप है।
मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल कारोबारी दिलीप गुप्ता के ठिकानों पर ईओडब्ल्यू ने छापामार कार्रवाई की। इससे शहर में हड़कंप मच गया। दरअसल, यह कार्रवाई 35.37 करोड़ की निवेश धोखाधड़ी के मामले में की गई है।
सीबीआई ने आरकॉम और अनिल अंबानी से जुड़े ठिकानों पर छापेमारी की है। यह छापेमारी बैंक धोखाधड़ी के 17000 करोड़ के केस में की जा रही है। साथ ही अंबानी पर एफआईआर भी दर्ज कर ली गई है। सीबीआई की टीम ने शनिवार सुबह सात बजे दबिश दी।
ईओडब्ल्यू ने भोपाल भोज मुक्त विश्वविद्यालय के तत्कालीन निदेशक एवं प्रभारी कुलसचिव प्रवीण जैन और अन्य अफसरों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है। इन पर विवि में 66 कर्मचारियों को नियुविरुद्ध नियुक्ति और नियमितीकरण करने के आरोप है। ईओडब्ल्यू को शिकायतकर्ता सुधाकर सिंह राजपूत ने 25 फरवरी 2020 को लिखित शिकायत दर्ज कराई थी।
















