मध्य प्रदेश के बालाघाट (बैहर-मलाजखंड रोड) पर भीषण सड़क हादसा। आल्टो कार में आग लगने से परिवार के 3 सदस्यों की मौत, 2 गंभीर घायल। जानें पूरी घटना।
By: Ajay Tiwari
Mar 29, 202612:12 PM
बालाघाट। स्टार समाचार वेब
मध्य प्रदेश के बालाघाट जिले से एक रूह कंपा देने वाली खबर सामने आई है। यहाँ बैहर-मलाजखंड मार्ग पर बीती रात एक चलती कार अनियंत्रित होकर दुर्घटनाग्रस्त हो गई और देखते ही देखते आग का गोला बन गई। इस भयावह अग्नि-कांड में कार सवार एक ही परिवार के तीन सदस्यों की जिंदा जलकर मौके पर ही मौत हो गई, जबकि दो अन्य गंभीर रूप से झुलस गए हैं। चमत्कारिक रूप से एक 8 वर्षीय बच्ची को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया है।
घटना शनिवार-रविवार की दरमियानी रात करीब 11:30 बजे की है। जानकारी के अनुसार, परसवाड़ा के पोंडी गांव निवासी सीतम केलकर (30) अपनी वेल्डिंग की दुकान चलाने के लिए परिवार सहित पौनी लौट रहे थे। जब उनकी आल्टो कार केवलारी चौराहे के पास पहुँची, तो अचानक अनियंत्रित होकर सड़क से नीचे उतर गई। टकराते ही कार में भीषण आग लग गई।
चीख-पुकार सुनकर राहगीर मदद के लिए दौड़े। प्रत्यक्षदर्शियों ने अदम्य साहस का परिचय देते हुए कार के कांच तोड़े और 8 वर्षीय पूर्वी राहांगडाले को सुरक्षित बाहर खींच लिया। इसके बाद चालक सीतम और उनकी माता नानाबाई (60) को भी बाहर निकाला गया, जो बुरी तरह झुलस चुके थे। लेकिन, आग की लपटें इतनी विकराल हो गईं कि अन्य तीन लोगों को बाहर निकालना नामुमकिन हो गया।
इस हादसे में इन्होंने गंवाई जान:
नगारची केलकर (65 वर्ष) - चालक के पिता
सविता केलकर (28 वर्ष) - चालक की पत्नी
अभि केलकर (3 वर्ष) - मासूम पुत्र
प्रारंभिक जांच में अंदेशा जताया जा रहा है कि देर रात गाड़ी चलाते समय चालक को नींद की झपकी आ गई थी। एक मोड़ पर नियंत्रण खोने के कारण कार सीधे खाई की ओर जाकर दुर्घटनाग्रस्त हुई, जिससे संभवतः फ्यूल लाइन या शॉर्ट सर्किट की वजह से आग लग गई।
सूचना मिलते ही बैहर पुलिस और दमकल की गाड़ियाँ मौके पर पहुँचीं। दमकल कर्मियों ने आग पर काबू पाया, लेकिन तब तक तीन जिंदगियां राख में तब्दील हो चुकी थीं। पुलिस ने मामला दर्ज कर शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और घायलों का उपचार जारी है।