रीवा संभाग में गेहूं उपार्जन की रफ्तार धीमी है, 32 दिन बाद भी केवल 25 प्रतिशत खरीदी हो सकी। किसानों को अव्यवस्था, तौल देरी, बारदाना कमी और भुगतान विलंब जैसी समस्याएं झेलनी पड़ रही हैं।
सीधी जिले के बघवारांचल में नहर का पानी समय पर न मिलने से धान की फसलें सूखने लगी हैं। बाणसागर नहरों में भरपूर पानी होने के बावजूद उप-नहरों की मरम्मत और रखरखाव न होने से पानी अंतिम छोर तक नहीं पहुंच रहा। किसान सिंचाई विभाग की लापरवाही पर नाराज।
सतना में किसानों को खाद की किल्लत से राहत दिलाने के लिए कांग्रेस जिलाध्यक्ष व विधायक सिद्धार्थ कुशवाहा ने कलेक्टर से मुलाकात की। उन्होंने 7 दिन में व्यवस्था सुधारने की चेतावनी दी और कहा कि समस्या हल न होने पर वे सड़कों पर उतरेंगे। साथ ही एफआईआर वापस लेने और जनप्रतिनिधियों के साथ अभद्रता की घटनाओं पर रोक लगाने की मांग भी की।
सिंगरौली के बैढ़न ब्लॉक के वरिष्ठ कृषि विकास अधिकारी राजेंद्र प्रसाद तिवारी पर बीज वितरण में भ्रष्टाचार और कालाबाजारी के गंभीर आरोप लगे हैं। जनपद सदस्य पारसनाथ प्रजापति ने शिकायत की है कि क्षेत्र के किसानों को मुफ्त बीज नहीं मिला, जबकि नेताओं और दलालों को लाभ पहुंचाया गया। मामले की जांच और कार्रवाई की मांग उठ रही है।
















