बाबा बर्फानी की अमरनाथ की 57 दिवसीय यात्रा शुरू हो चुकी है। पूरी कश्मीर घाटी हर-हर महादेव और बम-बम भोले के जयकारों से गूंज रही है। इसके साथ ही श्रद्धालुओं ने पिछले सारे रिकॉर्ड भी तोड़ दिए हैं। दरअसल, अमरनाथ यात्रा को लेकर श्रद्धालुओं में उत्साह बरकरार है।
अमरनाथ गुफा में प्राकृतिक रूप से बनने वाले पवित्र हिम शिवलिंग तेजी से पिघल रहे हैं। ऊंचाई अब घटकर एक फीट रह गई है। लाइव आरती में भी घटे हुए हिम शिवलिंग साफ दिख रहे हैं। मई में जारी तस्वीरों में इसकी ऊंचाई सात फीट थी, जबकि प्रथम पूजा के समय यह पांच फीट से अधिक था।
अमरनाथ यात्रा ने आज से पूरी तरह रफ्तार पकड़ ली है। शनिवार को सुबह जम्मू के भगवती नगर यात्री निवास बेस कैंप से श्रद्धालुओं का तीसरा जत्था कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच रवाना हुआ। वहीं, पहलगाम के नुनवान बेस कैंप से श्रद्धालुओं के दूसरे जत्थे ने दक्षिण कश्मीर हिमालय स्थित पवित्र अमरनाथ गुफा के लिए अपनी पैदल यात्रा शुरू की।
बाबा अमरनाथ की वार्षिक यात्रा का आज शुभारंभ हो गया। बालटाल और पहलगाम पहुंचे हजारों श्रद्धालुओं का जत्था शुक्रवार को सुबह पवित्र गुफा के लिए रवाना हुआ। ये श्रद्धालु दोपहर बाद पवित्र गुफा स्थल पहुंच जाएंगे और दर्शनों का सिलसिला शुरू हो जाएगा। श्रद्धालुओं के पहले दर्शन के साथ ही वार्षिक यात्रा का भी शुभारंभ हो गया है।
आगामी श्री अमरनाथ यात्रा की तैयारियों को और मजबूत बनाने के उद्देश्य से उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने गांदरबल के उपायुक्त कार्यालय परिसर में जिला आपातकालीन संचालन केंद्र (ईओसी) तथा अमरनाथजी यात्रा नियंत्रण कक्ष का उद्घाटन किया।
अमरनाथ यात्रा शुरू होने से पहले शनिवार को बर्फ से बने शिवलिंग (बाबा बर्फानी) की पहली तस्वीरें सामने आ गई हैं। तस्वीरों में दिख रहा है कि 6 से 7 फीट का शिवलिंग अपना आकार ले चुका है। इस दौरान सुरक्षा के लिए तैनात जवानों ने सबसे पहले शिवलिंग के दर्शन भी किए।


















