प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 2019 के पुलवामा आतंकी हमले की बरसी पर शहीद हुए वीर जवानों को श्रद्धांजलि दी। मोदी ने जवानों के बलिदान को याद करते हुए कहा कि उनका अदम्य साहस, राष्ट्रभक्ति और समर्पण हर भारतीय के लिए प्रेरणा का स्रोत है।
By: Arvind Mishra
Feb 14, 20269:57 AM

नई दिल्ली। स्टार समाचार वेब
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 2019 के पुलवामा आतंकी हमले की बरसी पर शहीद हुए वीर जवानों को श्रद्धांजलि दी। मोदी ने जवानों के बलिदान को याद करते हुए कहा कि उनका अदम्य साहस, राष्ट्रभक्ति और समर्पण हर भारतीय के लिए प्रेरणा का स्रोत है। दरअसल, पीएम मोदी ने आज यानी शनिवार को 2019 के पुलवामा हमले में बलिदान हुए सीआरपीएफ जवानों को श्रद्धांजलि दी और उनकी बहादुरी, समर्पण और देश के प्रति सेवा को याद किया। पीएम ने कहा कि 2019 में आज ही के दिन पुलवामा में अपने प्राणों की आहुति देने वाले हमारे वीर जवानों को शत-शत नमन।
उनकी हिम्मत से मिली ताकत
एक्स पर एक पोस्ट में पीएम मोदी ने लिखा-2019 में आज के दिन पुलवामा में अपनी जान देने वाले बहादुर नायकों को याद करते हुए। देश के प्रति उनकी भक्ति, संकल्प और सेवा हमेशा हमारे सामूहिक मन में अंकित रहेगी। हर भारतीय को उनकी हिम्मत से ताकत मिलती है।
उपराष्ट्रपति ने भी दी श्रद्धांजलि
इससे पहले उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन ने भी बहादुर जवानों को विनम्र श्रद्धांजलि दी। वाइस प्रेसिडेंट ने उनके बलिदान को याद करते हुए कहा कि यह हमेशा के लिए भारतीय इतिहास में दर्ज हो गया है और सदियों तक देश को प्रेरणा देता रहेगा। उन्होंने लिखा- मैं पुलवामा आतंकी हमले में अपनी जान देने वाले बहादुर जवानों को श्रद्धांजलि देता हूं। उनका सर्वोच्च बलिदान हमेशा देश की याद में रहेगा और हमें एक मजबूत और सुरक्षित भारत बनाने के लिए प्रेरणा देता रहेगा।
14 फरवरी 2019 को हुआ था आतंकी हमला
गौरतलब है कि जम्मू और कश्मीर के पुलवामा जिले में 14 फरवरी, 2019 को श्रीनगर-जम्मू नेशनल हाईवे पर सीआरपीएफ के काफिले को निशाना बनाकर किए गए सबसे खतरनाक आतंकी हमलों में से एक हुआ था, जिसमें 40 से ज्याव जवान बलिदान हो गए थे। पुलवामा आतंकी हमले ने न सिर्फ भारत और पाकिस्तान के बीच तनाव बढ़ा दिया, बल्कि जम्मू-कश्मीर में बॉर्डर पार आतंकवाद और सुरक्षा को लेकर दुनिया भर में चर्चा भी शुरू कर दी। हमले में अपनी जान देने वाले 40 बहादुर जवानों को याद करने के लिए इसे ब्लैक डे के तौर पर मनाया जाता है।