21 नवंबर को केंद्र सरकार ने 29 पुराने कानूनों को खत्म कर चार नए श्रम कोड लागू किए। ये नियम न्यूनतम वेतन, नियुक्ति पत्र, सामाजिक सुरक्षा और महिलाओं के लिए रात की शिफ्टों में काम की अनुमति देते हैं।

नई दिल्ली. स्टार समाचार वेब
केंद्र सरकार ने शुक्रवार को एक ऐतिहासिक कदम उठाते हुए चार नए श्रम कानूनों (Labour Codes) को लागू कर दिया है, जिसे 'आत्मनिर्भर भारत' की ओर एक बड़ा कदम माना जा रहा है। इस फैसले के तहत, सरकार ने पुराने 29 जटिल और बिखरे हुए केंद्रीय श्रम कानूनों को खत्म कर दिया है,
श्रम मंत्रालय ने बताया कि नए कोडों के माध्यम से अनौपचारिक सेक्टर, गिग वर्कर्स, प्रवासी मजदूरों और महिलाओं सहित सभी श्रमिकों के लिए बेहतर वेतन, सामाजिक सुरक्षा और स्वास्थ्य-सुरक्षा की गारंटी दी जाएगी। मुख्य बदलावों में सभी श्रमिकों को नियुक्ति पत्र देना अनिवार्य करना, देशभर में न्यूनतम वेतन लागू करना और नियोक्ताओं द्वारा समय पर वेतन भुगतान सुनिश्चित करना शामिल है। इसके अतिरिक्त, 40 वर्ष से ऊपर के श्रमिकों के लिए निःशुल्क वार्षिक हेल्थ चेकअप अनिवार्य होगा, और महिलाएं अब सुरक्षा उपायों और उनकी सहमति के साथ रात की शिफ्टों में भी काम कर सकेंगी।
गिग वर्कर्स और प्लेटफ़ॉर्म वर्कर्स को पहली बार कानूनी पहचान दी गई है और उन्हें PF, बीमा, पेंशन जैसे सामाजिक सुरक्षा लाभ मिलेंगे, जिसके लिए प्लेटफार्म कंपनियों को योगदान करना होगा। कंपनियों के लिए, नए नियमों में सिंगल लाइसेंस और सिंगल रिटर्न मॉडल की व्यवस्था की गई है, जिससे कानूनी अनुपालन का बोझ कम होगा।

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