मध्य प्रदेश के सागर में वैलेंटाइन डे से पहले शिवसेना का कड़ा विरोध। 'जहां मिलेंगे बिट्टू-सोना, तोड़ देंगे कोना-कोना' के पोस्टर लगे और कार्यकर्ताओं ने किया लट्ठ पूजन। पुलिस अलर्ट।

सागर में वैलेंटाइन डे के विरोध में शिवसेना ने खोला मोर्चा
सागर। स्टार समाचार वेब
वैलेंटाइन डे 'प्यार के दिन' को लेकर जहां प्रेमी जोड़ों में उत्साह रहता है, वहीं हिंदूवादी संगठनों का विरोध भी हर साल सुर्खियां बटोरता है। मध्य प्रदेश के सागर जिले में शिवसेना ने एक कदम आगे बढ़ते हुए चेतावनी भरे पोस्टर लगाए हैं। इन पोस्टरों पर लिखा नारा-"जहां मिलेंगे बिट्टू-सोना, तोड़ देंगे कोना-कोना"-सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।
वैलेंटाइन डे के विरोध की तैयारियों के बीच शिवसेना के कार्यकर्ताओं ने सागर में 'लट्ठ पूजन' किया। संगठन का कहना है कि वे भारतीय संस्कृति के संरक्षण के लिए प्रतिबद्ध हैं और पश्चिमी सभ्यता के इस त्योहार को सार्वजनिक स्थानों पर शालीनता के विरुद्ध मानते हैं। कार्यकर्ताओं ने हथियारों (लाठियों) की पूजा कर यह संकेत दिया है कि यदि पार्कों, रेस्टोरेंट या सार्वजनिक स्थलों पर कोई भी जोड़ा 'अश्लीलता' फैलाते हुए पाया गया, तो वे अपने तरीके से उन्हें रोकेंगे।
शहर भर में लगे विवादित पोस्टर
सागर शहर के प्रमुख चौराहों और सार्वजनिक स्थानों पर शिवसेना ने पोस्टर चिपकाए हैं। इन पोस्टरों में स्पष्ट रूप से चेतावनी दी गई है कि वैलेंटाइन डे के नाम पर मर्यादा लांघने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। शिवसेना नेताओं का तर्क है कि 14 फरवरी को 'मातृ-पितृ पूजन दिवस' के रूप में मनाया जाना चाहिए, न कि पाश्चात्य संस्कृति के अंधानुकरण के रूप में।
प्रशासन और पुलिस की भूमिका
शिवसेना की इस चेतावनी और पोस्टर वार के बाद शहर में तनाव की स्थिति को देखते हुए पुलिस प्रशासन भी अलर्ट मोड पर है। पुलिस ने साफ किया है कि किसी को भी कानून हाथ में लेने की इजाजत नहीं दी जाएगी। पार्कों और प्रमुख मॉल के बाहर सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाने की योजना है ताकि किसी भी अप्रिय घटना या मारपीट को रोका जा सके।
संस्कृति बनाम पाश्चात्य सभ्यता की बहस
वैलेंटाइन डे पर हर साल यह मुद्दा बहस का विषय बनता है। जहां एक पक्ष इसे 'नैतिक पुलिसिंग' (Moral Policing) और व्यक्तिगत स्वतंत्रता का हनन बताता है, वहीं शिवसेना जैसे संगठनों का मानना है कि यह युवा पीढ़ी को गलत दिशा में जाने से रोकने और अपनी जड़ों से जोड़ने का एक प्रयास है।

जबलपुर हाईकोर्ट का ऐतिहासिक फैसला, सरकारी कर्मचारियों को मिलेगा 100% वेतन और एरियर्स

जैतवारा से लेकर बारामाफी तक आक्रोश

खरमास 2025-2026: कब से कब तक रहेगा, जानें शुभ कार्यों की मनाही का कारण

ऑपरेशन सिंदूर...मुझे एक तस्वीर दिखा दो...जिसमें भारत का एक गिलास भी नहीं टूटा हो

लागू होंगे नए अवकाश नियम: CCL में वेतन कटौती, EL को 'अधिकार' नहीं मानेगा MP वित्त विभाग

MP College Admission 2026: ई-प्रवेश दूसरे चरण की अलॉटमेंट लिस्ट जारी, 13 जून तक जमा करें फीस

सुरक्षित और नेचुरल तरीके से बाल करना है काले तो अपनाएं ये उपाय

बची हुई चाय को दोबारा गर्म करके पीने क्या होगा, जानें इसके बारे में?

अगर 40 की उम्र कर ली है पार और रहना चाहते हैं तंदरुस्त तो अपनाएं ये आदतें

ठंडा पानी पीने और मीठा खाने पर दांतों में होती है झनझनाहट तो हो जाएं सावधान, नहीं तो हो सकती है बड़ी समस्या

ठंड में बढ़ जाती है डिहाइड्रेशन की समस्या, जानें क्या है कारण ?

तनाव से चाहिए है छुटकारा तो इन चीजों से करें तौबा, अपनाएं ये सलाह
मध्य प्रदेश में संभावित अल्प वर्षा की स्थिति को देखते हुए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने जारी की विस्तृत कार्ययोजना। जानें फसल चयन, जल संरक्षण और किसानों के लिए सरकार की नई तैयारियों के बारे में।
मध्य प्रदेश में मानसून ने दी दस्तक, पूरे राज्य में तेज बारिश का दौर जारी। मौसम विभाग ने कई जिलों में ऑरेंज और रेड अलर्ट जारी किया। जानें बारिश से जुड़ी ताजा अपडेट और सुरक्षा निर्देश।
दतिया विधानसभा उपचुनाव 2026 का कार्यक्रम घोषित! जानें कब होगा मतदान, क्या है राजेंद्र भारती की सदस्यता रद्द होने का कारण और कैसे लागू हुई आचार संहिता।
मध्य प्रदेश सरकार ने BLO और बीएलओ सुपरवाइजरों का मानदेय दोगुना किया। जानें नई मानदेय राशि, प्रभावी तिथि और त्रैमासिक भुगतान की पूरी जानकारी।
राजा रघुवंशी मर्डर केस में नया मोड़। मेघालय सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर कर आरोपी पत्नी सोनम रघुवंशी की जमानत रद्द करने की मांग की। जानिए क्या है पूरा मामला।
केंद्रीय मंत्रिमंडल विस्तार की अटकलों के बीच विंध्य क्षेत्र को प्रतिनिधित्व मिलने की चर्चाएं तेज हैं। सतना सांसद गणेश सिंह और शहडोल सांसद हिमांद्री सिंह के नाम संभावित दावेदारों में प्रमुख बताए जा रहे हैं।
सतना जिले में हल्की बारिश के बाद भी घंटों बिजली गुल रहने से उपभोक्ताओं की परेशानी बढ़ गई है। ग्रामीण क्षेत्रों में पेयजल, पढ़ाई और कारोबार प्रभावित हैं, जबकि लोगों ने स्थायी समाधान की मांग उठाई है।
सतना में मानसून की पहली तेज बारिश ने स्मार्ट सिटी की तैयारियों की पोल खोल दी। कई कॉलोनियों, सड़कों और अंडरब्रिज में जलभराव हुआ, जबकि जिला अस्पताल और बस स्टैंड भी पानी से प्रभावित रहे।
सतना जिला अस्पताल में विशेषज्ञ डॉक्टरों के कई पद रिक्त हैं, जिससे 1500 दैनिक मरीजों की चिकित्सा सेवाएं प्रभावित हो रही हैं। दूसरी ओर संत मोतीराम स्वास्थ्य केंद्र नि:शुल्क उपचार देकर राहत पहुंचा रहा है।
मध्य प्रदेश में कैलाश विजयवर्गीय की कथित चिट्ठी ने राजनीतिक गलियारों में हलचल मचा दी है। जानिए क्या है मामला, मुख्यमंत्री के खिलाफ नाराजगी की सच्चाई और इसके पीछे के राजनीतिक मायने।