मध्य प्रदेश में सांची दुग्ध संघ ने दूध के दाम ₹2 प्रति लीटर बढ़ा दिए हैं। अमूल और मदर डेयरी के बाद अब सांची के नए रेट 15 मई से लागू होंगे। पढ़ें पूरी खबर।

भोपाल. स्टार समाचार वेब
मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल सहित पूरे प्रदेश के उपभोक्ताओं को अब दूध के लिए अपनी जेब और ढीली करनी होगी। अमूल और मदर डेयरी द्वारा कीमतों में इजाफे के बाद, अब भोपाल दुग्ध संघ (सांची) ने भी दूध के दामों में 2 रुपए प्रति लीटर की बढ़ोतरी का आधिकारिक आदेश जारी कर दिया है। सांची की ये नई दरें 15 मई से प्रभावी हो जाएंगी। गौरतलब है कि सांची ने करीब एक साल बाद कीमतों में बदलाव किया है; इससे पहले 7 मई 2025 को रेट बढ़ाए गए थे।

भोपाल के बाजार में सांची दूध की खपत सबसे अधिक है, जहाँ रोजाना करीब 7.5 लाख लीटर से ज्यादा पैक्ड दूध की बिक्री होती है। इसके मुकाबले अमूल की खपत 90 हजार लीटर और सौरभ व श्रीधी जैसे ब्रांड्स की कुल खपत करीब 1 लाख लीटर है। हालांकि, दिलचस्प आंकड़ा यह है कि शहर में पैक्ड दूध की तुलना में खुला दूध ज्यादा बिकता है, जिसकी खपत प्रतिदिन 10 लाख लीटर तक है। खुला दूध फिलहाल पैक्ड दूध के मुकाबले 10 रुपए प्रति लीटर तक सस्ता मिल रहा है, हालांकि इसके दाम भी हाल ही में 2 रुपए बढ़ाए गए थे।
दूध की कीमतों में इस बढ़ोतरी के पीछे मुख्य कारण उत्पादन लागत में वृद्धि को बताया जा रहा है। गुजरात को-ऑपरेटिव मिल्क मार्केटिंग फेडरेशन (अमूल) के अनुसार, पशु आहार, पैकेजिंग सामग्री और ईंधन (ट्रांसपोर्टेशन) की कीमतों में लगातार हो रहे इजाफे के कारण यह फैसला लेना पड़ा। अमूल और मदर डेयरी ने बुधवार को ही दाम बढ़ाने का ऐलान किया था, जो 14 मई से लागू हो चुके हैं। अमूल ने स्पष्ट किया कि यह वृद्धि लगभग 2.5% से 3.5% के बीच है, जो एक साल से अधिक समय के बाद की गई है।

जबलपुर हाईकोर्ट का ऐतिहासिक फैसला, सरकारी कर्मचारियों को मिलेगा 100% वेतन और एरियर्स

जैतवारा से लेकर बारामाफी तक आक्रोश

खरमास 2025-2026: कब से कब तक रहेगा, जानें शुभ कार्यों की मनाही का कारण

ऑपरेशन सिंदूर...मुझे एक तस्वीर दिखा दो...जिसमें भारत का एक गिलास भी नहीं टूटा हो

लागू होंगे नए अवकाश नियम: CCL में वेतन कटौती, EL को 'अधिकार' नहीं मानेगा MP वित्त विभाग

MP College Admission 2026: ई-प्रवेश दूसरे चरण की अलॉटमेंट लिस्ट जारी, 13 जून तक जमा करें फीस

सुरक्षित और नेचुरल तरीके से बाल करना है काले तो अपनाएं ये उपाय

बची हुई चाय को दोबारा गर्म करके पीने क्या होगा, जानें इसके बारे में?

अगर 40 की उम्र कर ली है पार और रहना चाहते हैं तंदरुस्त तो अपनाएं ये आदतें

ठंडा पानी पीने और मीठा खाने पर दांतों में होती है झनझनाहट तो हो जाएं सावधान, नहीं तो हो सकती है बड़ी समस्या

ठंड में बढ़ जाती है डिहाइड्रेशन की समस्या, जानें क्या है कारण ?

तनाव से चाहिए है छुटकारा तो इन चीजों से करें तौबा, अपनाएं ये सलाह
मध्य प्रदेश में संभावित अल्प वर्षा की स्थिति को देखते हुए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने जारी की विस्तृत कार्ययोजना। जानें फसल चयन, जल संरक्षण और किसानों के लिए सरकार की नई तैयारियों के बारे में।
मध्य प्रदेश में मानसून ने दी दस्तक, पूरे राज्य में तेज बारिश का दौर जारी। मौसम विभाग ने कई जिलों में ऑरेंज और रेड अलर्ट जारी किया। जानें बारिश से जुड़ी ताजा अपडेट और सुरक्षा निर्देश।
दतिया विधानसभा उपचुनाव 2026 का कार्यक्रम घोषित! जानें कब होगा मतदान, क्या है राजेंद्र भारती की सदस्यता रद्द होने का कारण और कैसे लागू हुई आचार संहिता।
मध्य प्रदेश सरकार ने BLO और बीएलओ सुपरवाइजरों का मानदेय दोगुना किया। जानें नई मानदेय राशि, प्रभावी तिथि और त्रैमासिक भुगतान की पूरी जानकारी।
राजा रघुवंशी मर्डर केस में नया मोड़। मेघालय सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर कर आरोपी पत्नी सोनम रघुवंशी की जमानत रद्द करने की मांग की। जानिए क्या है पूरा मामला।
केंद्रीय मंत्रिमंडल विस्तार की अटकलों के बीच विंध्य क्षेत्र को प्रतिनिधित्व मिलने की चर्चाएं तेज हैं। सतना सांसद गणेश सिंह और शहडोल सांसद हिमांद्री सिंह के नाम संभावित दावेदारों में प्रमुख बताए जा रहे हैं।
सतना जिले में हल्की बारिश के बाद भी घंटों बिजली गुल रहने से उपभोक्ताओं की परेशानी बढ़ गई है। ग्रामीण क्षेत्रों में पेयजल, पढ़ाई और कारोबार प्रभावित हैं, जबकि लोगों ने स्थायी समाधान की मांग उठाई है।
सतना में मानसून की पहली तेज बारिश ने स्मार्ट सिटी की तैयारियों की पोल खोल दी। कई कॉलोनियों, सड़कों और अंडरब्रिज में जलभराव हुआ, जबकि जिला अस्पताल और बस स्टैंड भी पानी से प्रभावित रहे।
सतना जिला अस्पताल में विशेषज्ञ डॉक्टरों के कई पद रिक्त हैं, जिससे 1500 दैनिक मरीजों की चिकित्सा सेवाएं प्रभावित हो रही हैं। दूसरी ओर संत मोतीराम स्वास्थ्य केंद्र नि:शुल्क उपचार देकर राहत पहुंचा रहा है।
मध्य प्रदेश में कैलाश विजयवर्गीय की कथित चिट्ठी ने राजनीतिक गलियारों में हलचल मचा दी है। जानिए क्या है मामला, मुख्यमंत्री के खिलाफ नाराजगी की सच्चाई और इसके पीछे के राजनीतिक मायने।