सतना-सेमरिया मार्ग की जर्जर हालत से लोग परेशान हैं। करीब पांच करोड़ के टेंडर के बावजूद डामरीकरण शुरू नहीं हुआ। तीन साल से सैकड़ों गड्ढों वाली सड़क पर पैचवर्क हो रहा है, जिससे लोगों में नाराजगी बढ़ रही है।
रीवा के 150 करोड़ के सुपर स्पेशलिटी अस्पताल में एक्स-रे विभाग की दीवार और पिलर में दरार आ गई है। पहले से ही सीवेज, सीपेज और फॉल सीलिंग गिरने जैसी खामियों से घिरे इस अस्पताल की गुणवत्ता पर फिर सवाल उठे हैं। पीडब्ल्यूडी की लापरवाही से मरीजों की जान पर संकट।
रीवा का सिरमौर फ्लाईओवर पूरी तरह बदहाल हो गया है। डामर बह चुका है, जगह-जगह गड्ढे हैं और धूल का गुबार उड़ रहा है। करोड़ों की लागत से बने इस फ्लाईओवर के मेंटेनेंस में पीडब्ल्यूडी नाकाम रहा है।
सतना के जिगनहट रपटे पर बढ़ते जल स्तर के बावजूद लोक निर्माण विभाग ने वैरीकेटिंग की बजाय झाड़ियां रखकर आवागमन रोकने की हास्यास्पद कोशिश की। कलेक्टर के स्पष्ट निर्देशों की अनदेखी कर विभाग विवादों में आ गया। कलेक्टर और एसपी ने जलभराव वाले क्षेत्रों का निरीक्षण भी किया।
















