मध्यप्रदेश में रिश्वतखोरी का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है। आए दिन जिम्मेदार अधिकारी रिश्वत लेते पकड़े जा रहे हैं। इसके बाद भी घूसखोरों में कोई डर नहीं दिख रहा है। यह कार्रवाई लोकायुक्त महानिदेशक योगेश देशमुख के निर्देश पर की गई।
मध्यप्रदेश के टीकमगढ़ में भ्रष्टाचार के खिलाफ कार्रवाई करते हुए सागर लोकायुक्त टीम ने आज यानी गुरुवार को वन विभाग के एक वनरक्षक को रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार किया। आरोपी पर लकड़ी व्यापारी से परिवहन की अनुमति देने के बदले हर महीने अवैध वसूली करने का आरोप है।
इंदौर लोकायुक्त पुलिस ने PWD संभाग-1 के EE जयदेव गौतम और SDO टीके जैन को 2.50 लाख रुपए की रिश्वत लेते गिरफ्तार किया। ठेकेदार के बिल भुगतान के बदले मांगी थी घूस।
मध्यप्रदेश के रतलाम में लोकायुक्त की टीम ने एक घूसखोर पटवारी को रंगे हाथ पकड़ा है। इस कार्रवाई से हड़कंप मचा गया। दरअसल, लोकायुक्त उज्जैन ने भ्रष्टाचार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए सैलाना तहसील में पदस्थ एक पटवारी को रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों ट्रैप किया है।
मध्यप्रदेश के खरगोन जिले के कसरावद में इंदौर लोकायुक्त की टीम ने एएसआई रविंद्र गुरु को सात हजार रुपए की रिश्वत लेते हुए पकड़ा है। बिष्टान निवासी फरियादी श्यामलाल उपाध्याय की शिकायत पर यह कार्रवाई की गई है। उन्होंने एएसआई द्वारा 20 हजार रुपए की रिश्वत मांगने की शिकायत की थी।
मध्यप्रदेश में घूसखोरी के मामले थमने का नाम नहीं ले रहे हैं। आए दिन कहीं न कहीं रिश्वत लेते जिम्मेदार अधिकारी रंगे हाथ पकड़े जा रहे हैं। इसके बाद भी भ्रष्टचार पर पर लगाम नहीं लग रही है। इससे सबसे ज्यादा किसान ही प्रभावित हो रहे हैं।
मध्यप्रदेश में लोकायुक्त पुलिस का भ्रष्टाचारियों के खिलाफ प्रहार जारी है। एक के बाद एक भ्रष्टाचारी पर शिकंजा कसा जा रहा है। यह हम नहीं राज्य सरकार ने खुद सदन में स्वीकार किया है। दरअसल, लोकायुक्त में बीते चार वर्षों में मध्यप्रदेश के 1379 अधिकारी-कर्मचारियों के विरुद्ध जांचें चल रही हैं।
मंडला जिले के निवास में लोकायुक्त पुलिस ने SDM कार्यालय के रीडर काशीराम मरावी को 5000 रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथों पकड़ा। खसरा सुधार के बदले मांगी थी 10 हजार की घूस।
मध्य प्रदेश विधानसभा की प्राक्कलन समिति ने लोकायुक्त और EOW में लंबित भ्रष्टाचार के मामलों पर सरकार से स्पष्टीकरण मांगा। जानें पेंडिंग केसों पर समिति की चिंता और न्याय में देरी के मुद्दे।





















