नासा के आर्टेमिस-2 मिशन के चार अंतरिक्ष यात्री चंद्रमा की दहलीज को छूकर धरती पर वापस लौट आए हैं। आज यानी शनिवार को सुबह 5:37 बजे उनका ओरियन कैप्सूल अमेरिका के सैन डिएगो के तट के पास प्रशांत महासागर में सफल लैंड हुआ। ये मिशन 2 अप्रैल को लॉन्च हुआ था।
आर्टेमिस-2 ने 4,06,773 किमी की दूरी तय कर इतिहास रच दिया है। जानें 7 अप्रैल 2026 को होने वाले इस लूनर फ्लाईबाई और स्पेसएक्स के स्टारशिप लैंडर के बारे में पूरी जानकारी।
अमेरिका की अंतरिक्ष एजेंसी- नेशनल एयरोनॉटिक्स एंड स्पेस एडमिनिस्ट्रेशन (नासा) ने अगले कुछ वर्षों में चांद पर एक स्थायी बेस स्थापित करने की योजना रखी है। बीते हफ्ते ही एजेंसी ने अगले एक दशक के चांद से जुड़े मिशन्स का रोड मैप सामने रखा था।
भारतीय मूल की नासा अंतरिक्ष यात्री सुनीता विलियम्स ने तीन दशक के शानदार करियर के बाद सेवानिवृत्ति ले ली है। नासा ने घोषणा की कि उनकी सेवानिवृत्ति 27 दिसंबर-2025 से प्रभावी हो गई है। सुनीता ने कई ऐतिहासिक रिकॉर्ड बनाए।
"सदी का सबसे लंबा सूर्य ग्रहण" 2 अगस्त 2025 को है। इस दिन छह मिनट पूरी तरह अंधेरा छा जाएगा। ऐसी खबरें डिजिटल प्लेटफार्म पर नजर आ रही हैं। सच तो यह है कि ऐसा कोई लंबा सूर्य ग्रहण नहीं होगा, यह महज़ एक अफवाह है। वैज्ञानिक संस्थानों और NASA ने स्पष्ट कर दिया है कि उस दिन कोई ग्रहण नहीं है।
क्या चांद पर कोई बड़ी आफत आने वाली है? एक अनियंत्रित क्षुद्रग्रह 'आफत' चंद्रमा की ओर बढ़ रहा है, जिससे संभावित टकराव का खतरा है। जानें क्यों वैज्ञानिक इस घटना को लेकर गंभीर हैं और इसके क्या हो सकते हैं परिणाम। चंद्र मिशन और अंतरिक्ष अन्वेषण के लिए यह कितना बड़ा खतरा है?


















