मध्य प्रदेश में साक्षरता के क्षेत्र में बड़ा बदलाव देखने को मिला है। वर्ष 2011 की जनगणना के अनुसार प्रदेश में 1.89 करोड़ से अधिक लोग निरक्षर थे। विभिन्न साक्षरता अभियानों के बल पर अब तक 1.38 करोड़ (1,38,90,550) लोग निरक्षरता के अभिशाप से बाहर आ चुके हैं।
जानें 2 दिसंबर को क्यों मनाया जाता है विश्व कंप्यूटर साक्षरता दिवस। इसके इतिहास, उद्देश्य और डिजिटल युग में इसके महत्व पर विस्तृत आलेख।














