भारतीय शेयर मार्केट में सप्ताह के चौथे कारोबारी दिन गुरुवार को भारी गिरावट देखने को मिली। प्रमुख बेंचमॉर्क इंडेक्स बीएसई सेंसेक्स और एनएसई निफ्टी 50 टूटकर कारोबार करते नजर आए। इससे निवेशक मायूस दिखे और बाजार में अफरा-तफरी का माहौल रहा।
By: Arvind Mishra
Apr 02, 202611:29 AM
मुंबई। स्टार समाचार वेब
भारतीय शेयर मार्केट में सप्ताह के चौथे कारोबारी दिन गुरुवार को भारी गिरावट देखने को मिली। प्रमुख बेंचमॉर्क इंडेक्स बीएसई सेंसेक्स और एनएसई निफ्टी 50 टूटकर कारोबार करते नजर आए। इससे निवेशक मायूस दिखे और बाजार में अफरा-तफरी का माहौल रहा। दरअसल, भारतीय शेयर बाजार आज को बुरी तरह धराशायी हो गए। सेंसेक्स 1400 अंकों से अधिक गिर गया और निफ्टी बुधवार की बढ़त के बाद 22,250 से नीचे आ गया। निवेशकों ने अन्य कारणों के साथ-साथ ईरान-अमेरिका युद्ध में ट्रंप की टिप्पणियों पर रिएक्शन दिया, जिससे बेंचमार्क पिटते दिखे। सुबह सेंसेक्स 1,394.38 (-1.90 फीसदी) अंक टूटकर 71,739.94 पर जबकि निफ्टी 407.75 (1.80 प्रतिशत) अंक फिसलकर 22,271.65 पर कारोबार करता दिखा। इस दौरान बैंकिंग और फार्मा सेक्टर के शेयरों में तेज बिकवाली दिखी।
ट्रंप की चेतावनी से बाजार बेजार
विदेशी निवेशकों की लगातार बिकवाली और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की चेतावनी के बाद सेंसेक्स और निफ्टी में लगभग दो प्रतिशत की भारी गिरावट दर्ज की गई। गुरुवार सुबह के कारोबार में 30 शेयरों वाला बीएसई सेंसेक्स 1,433.72 अंक या 1.96 प्रतिशत लुढ़ककर 71,700.60 पर आ गया। वहीं, 50 शेयरों वाला एनएसई निफ्टी 445.70 अंक या 1.97 प्रतिशत का गोता लगाकर 22,233.70 के स्तर पर पहुंच गया।
बाजार की धारणा नकारात्मक
बाजार की इस भारी गिरावट के पीछे वैश्विक भू-राजनीतिक तनाव सबसे बड़ा कारक है। जियोजित इन्वेस्टमेंट्स लिमिटेड के मुख्य निवेश रणनीतिकार वीके विजयकुमार के अनुसार, राष्ट्रपति ट्रंप की इस घोषणा के बाद कि हम अगले दो से तीन हफ्तों में ईरान पर बेहद कड़ा प्रहार करने जा रहे हैं। बाजार की धारणा फिर से नकारात्मक हो गई है।
प्रमुख कंपनियों और एशियाई बाजारों पर असर
शुरुआती कारोबार में सेंसेक्स की सभी 30 कंपनियां नुकसान में कारोबार कर रही थीं। सबसे ज्यादा पिछड़ने वाले प्रमुख शेयरों में सन फार्मा, इंडिगो, अदाणी पोर्ट्स, इटरनल, लार्सन एंड टुब्रो, एशियन पेंट्स, एनटीपीसी, स्टेट बैंक आफ इंडिया, ट्रेंट, कोटक महिंद्रा बैंक, एक्सिस बैंक और पावरग्रिड शामिल रहे। इसका असर केवल भारत तक सीमित नहीं है। अमेरिकी बाजार बुधवार को भले ही बढ़त के साथ बंद हुए हों, लेकिन गुरुवार को व्यापक एशियाई बाजारों में भारी बिकवाली देखी गई। दक्षिण कोरिया का कोस्पी 4.31 प्रतिशत, जापान का निक्केई 2.24 प्रतिशत, हांगकांग का हैंगसेंग 1.04 प्रतिशत और शंघाई का कंपोजिट इंडेक्स 0.53 प्रतिशत गिर गया।
रुपया 151 पैसे मजबूत हुआ
भारतीय रुपए ने ऐतिहासिक निचले स्तर से शानदार वापसी करते हुए गुरुवार को शुरुआती कारोबार में अमेरिकी डॉलर के मुकाबले 151 पैसे की मजबूत रिकवरी दर्ज की है। यह उछाल मुख्य रूप से आरबीआई की ओर से आनशोर फॉरवर्ड डिलीवरी मार्केट में बैंकों की नेट ओपन पोजीशन को सीमित करने के त्वरित कदम का नतीजा है। अंतरबैंक विदेशी मुद्रा बाजार में, रुपया 94.62 पर खुला और शुरूआती कारोबार में अमेरिकी डॉलर के मुकाबले तेजी से बढ़कर 93.19 पर पहुंच गया।