NTA ने JEE Main 2026 सत्र 2 के एडमिट कार्ड जारी कर दिए हैं। 2 से 8 अप्रैल तक होने वाली परीक्षा के लिए हॉल टिकट डाउनलोड करने की स्टेप-बाय-स्टेप प्रक्रिया और डायरेक्ट लिंक यहाँ प्राप्त करें
मध्य प्रदेश में कक्षा 5वीं और 8वीं के करीब 23 लाख से ज्यादा विद्यार्थियों का रिजल्ट जारी हो गया है। वल्लभ भवन में आयोजित कार्यक्रम में स्कूल शिक्षा मंत्री उदय प्रताप सिंह ने परीक्षा परिणाम घोषित किए। उन्होंने बताया कि प्रदेश में कक्षा 5वीं का कुल परीक्षा परिणाम 95.14 फीसदी और कक्षा 8वीं का 93.83 फीसदी रहा।
मध्य प्रदेश सरकार पुलिस भर्ती परीक्षा में एक बार फिर बड़ा और राहत भरा बदलाव करने जा रही है। इस बदलाव से जहां एक ओर पारदर्शिता बढ़ेगी। वहीं दूसरी ओर उम्मीदवारों को भी बड़ा फायदा मिलेगा। हालांकि यह बदलाव पहली बार नहीं हो रहा है।
मध्यप्रदेश में 10वीं-12वीं की मुख्य परीक्षा का परिणाम अप्रैल के अंतिम सप्ताह में जारी होने का दावा किया जा रहा है। गौरतलब है कि इस वर्ष बोर्ड की मुख्य परीक्षाएं फरवरी में शुरू होकर 7 मार्च को समाप्त हो गई थीं। परीक्षा जल्दी समाप्त होने के कारण पहले से ही उम्मीद जताई जा रही थी कि परिणाम अप्रैल के अंतिम सप्ताह में घोषित हो सकता है।
नेशनल टेस्टिंग एजेंसी द्वारा जेईई मेन 2026 सेशन 1 रिजल्ट जारी कर दिया गया है। नतीजे जारी होने के साथ ही एनटीए की ओर से देशभर में टॉप करने वाले स्टूडेंट्स की लिस्ट भी जारी की गई है। दिल्ली के श्रेयांश मिश्रा ने देशभर में आल इंडिया रैंक 1 पाकर टॉप किया है।
सीबीएसई की 10वीं और 12वीं बोर्ड परीक्षाएं आज से देशभर में शुरू हो गई हैं। केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड के अनुसार इस वर्ष कुल 43,67,870 परीक्षार्थी इन दोनों कक्षाओं की परीक्षा में शामिल होंगे। इसमें कक्षा 10वीं में 25,08,319 और कक्षा 12वीं में 18,59,551 छात्र परीक्षा देंगे।
CBSE ने 2026 से 10वीं के लिए दो बोर्ड परीक्षाओं के नियम स्पष्ट किए हैं। जानें पहली परीक्षा में शामिल होना क्यों अनिवार्य है और किन छात्रों को दूसरी परीक्षा में बैठने का मौका नहीं मिलेगा।
CBSE 10th-12th Board Exam 2026 कल 17 फरवरी से शुरू हो रहे हैं। बोर्ड ने विषय चयन और रिपोर्टिंग टाइम को लेकर नई गाइडलाइन जारी की है। गलत विषय का पेपर देने पर रिजल्ट हो सकता है रद्द। पूरी जानकारी यहाँ पढ़ें।
मध्यप्रदेश सरकार शिक्षा व्यवस्था में एक और बड़ा बदलाव करने जा रही है। स्कूलों में पहली-दूसरी कक्षा में परीक्षा नहीं ली जाएगी। इनका आकलन अभ्यास पुस्तिका के माध्यम से किया जाएगा। साथ ही गतिविधि आधारित व मौखिक मूल्यांकन होगा।






















