ईरान में पिछले एक हफ्ते से भी ज्यादा समय से भड़की हिंसा थमने का नाम नहीं ले रही है। हिंसक प्रदर्शन में अब तक 35 लोगों की मौत हो चुकी है और कई लोग घायल बताए जा रहे हैं। हालातों पर काबू पाने के लिए ईरान सरकार ने 1200 से ज्यादा लोगों को हिरासत में ले लिया है।

एक हफ्ते से भी ज्यादा समय से भड़की हिंसा थमने का नाम नहीं ले रही है।
नई दिल्ली। स्टार समाचार वेब
ईरान में पिछले एक हफ्ते से भड़की हिंसा थमने का नाम नहीं ले रही है। हिंसक प्रदर्शन में अब तक 35 लोगों की मौत हो चुकी है। कई लोग घायल हैं। हालातों पर काबू पाने के लिए ईरान सरकार ने 1200 लोगों को हिरासत में ले लिया है। ईरानी हिंसा में 29 प्रदर्शनकारी समेत 4 बच्चों, 2 सुरक्षाबलों की मौत हो चुकी है। ईरान के 31 में से 27 राज्य हिंसा की चपेट में हैं। पूरे ईरान में 250 जगहों पर हिंसक प्रदर्शन देखने को मिल रहे हैं। वहीं ईरान के निर्वासित क्राउन प्रिंस (युवराज) रजा पहलवी ने देश में जारी व्यापक विरोध प्रदर्शनों को अयातुल्ला अली खामेनेई के नेतृत्व वाले इस्लामिक शासन के अंत के लिए एक स्वर्णिम अवसर करार दिया है।
ट्रंप ने दी चेतावनी
ईरान में मृतकों का आंकड़ा लगातार बढ़ता जा रहा है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रंप ने तेहरान को धमकी देते हुए कहा-शांतिपूर्ण प्रदर्शन करने वाले प्रदर्शनकारियों को जबरन मारा जा रहा है। हम उनके बचाव के लिए जरूर आएंगे। हालांकि, ईरान को लेकर ट्रंप का क्या प्लान है? ये अभी तक साफ नहीं है। ट्रंप बातचीत से मामले को सुलझाने की कोशिश करेंगे या फिर ईरान पर सैन्य कार्रवाई करेंगे, इसपर अभी तक सस्पेंस बना हुआ है।
ईरान में इसलिए भड़की हिंसा
2022 के बाद ईरान में पहली बार इतने बड़े पैमाने पर प्रदर्शन हो रहे हैं। पुलिस की हिरासत में मौजूद 22 वर्षीय महसा अमिनी की मौत के बाद ईरान में अचानक हिंसा भड़क उठी है। कई महिलाओं को हिजाब न पहनने की वजह से हिरासत में ले लिया गया है।
ईरान में बिगड़े हालात
ईरान में हालात लगातार बिगड़ रहे हैं। ईरान और इजरायल के बीच छिड़े 12 दिन के युद्ध के बाद अमेरिका ने तेहरान पर एयर स्ट्राइक की। दिसंबर में ईरान की मुद्रा आॅल टाइम लो पर पहुंच गई। वहीं, अब नए साल की शुरुआत से पहले ही ईरान के ज्यादातर इलाके हिंसा की चपेट में आ गए हैं।


जबलपुर हाईकोर्ट का ऐतिहासिक फैसला, सरकारी कर्मचारियों को मिलेगा 100% वेतन और एरियर्स

खरमास 2025-2026: कब से कब तक रहेगा, जानें शुभ कार्यों की मनाही का कारण

ऑपरेशन सिंदूर...मुझे एक तस्वीर दिखा दो...जिसमें भारत का एक गिलास भी नहीं टूटा हो

लागू होंगे नए अवकाश नियम: CCL में वेतन कटौती, EL को 'अधिकार' नहीं मानेगा MP वित्त विभाग

जैतवारा से लेकर बारामाफी तक आक्रोश

आहत जनता को राहत...निचले स्तर पर आई थोक महंगाई

सुरक्षित और नेचुरल तरीके से बाल करना है काले तो अपनाएं ये उपाय

बची हुई चाय को दोबारा गर्म करके पीने क्या होगा, जानें इसके बारे में?

अगर 40 की उम्र कर ली है पार और रहना चाहते हैं तंदरुस्त तो अपनाएं ये आदतें

ठंडा पानी पीने और मीठा खाने पर दांतों में होती है झनझनाहट तो हो जाएं सावधान, नहीं तो हो सकती है बड़ी समस्या

ठंड में बढ़ जाती है डिहाइड्रेशन की समस्या, जानें क्या है कारण ?

तनाव से चाहिए है छुटकारा तो इन चीजों से करें तौबा, अपनाएं ये सलाह
ट्रंप ने ईरान के परमाणु कार्यक्रम के खिलाफ की गई सैन्य कार्रवाई का बचाव किया है। फ्लोरिडा के एक स्कूल में बोलते हुए उन्होंने कहा कि अगर ईरान परमाणु हथियार बना लेता, तो इस्राइल, पश्चिम एशिया और यूरोप पूरी तरह तबाह हो जाते और इनके टुकड़े-टुकड़े हो जाते।
ईरान ने पहली बार स्वीकार किया है कि सर्वोच्च नेता मुज्तबा खामेनेई एक बमबारी में जख्मी हुए थे। जानें उनकी सेहत और सुरक्षा को लेकर आधिकारिक बयान।
राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान युद्ध में सहयोग न मिलने पर इटली, स्पेन और जर्मनी से अमेरिकी सैनिकों को वापस बुलाने की चेतावनी दी है। जानें मेलोनी और मर्ज से विवाद का पूरा कारण।
करीब सात साल के लंबे अंतराल के बाद अमेरिका और वेनेजुएला के बीच सीधी हवाई सेवा फिर शुरू हो गई है। जानें फ्लाइट का समय, रूट और दोनों देशों के रिश्तों पर इसका प्रभाव।
मिडिल ईस्ट में युद्ध के बीच डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को दी कड़ी चेतावनी। कच्चे तेल की कीमतें 2022 के बाद उच्चतम स्तर पर। पढ़ें अमेरिका-ईरान संघर्ष और वैश्विक प्रभाव की पूरी रिपोर्ट...
संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (UNSC) में भारत ने मिडिल ईस्ट, विशेष रूप से होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) में व्यावसायिक जहाजों पर हो रहे सैन्य हमलों पर गहरा रोष व्यक्त किया है।
चीन ने राष्ट्रीय सुरक्षा का हवाला देते हुए मेटा (Meta) द्वारा AI स्टार्टअप 'मैनस' (Manus) के 2 अरब डॉलर के अधिग्रहण को रोक दिया है। जानें इस फैसले के पीछे के मुख्य कारण और इसके वैश्विक प्रभाव।
रूस ने संयुक्त राष्ट्र में ईरान के होर्मुज जलडमरूमध्य पर नियंत्रण के अधिकार का समर्थन किया है। वहीं लेबनान में इस्राइली हमलों से तनाव बढ़ा और ईरान ने जहाजों पर 'रियाल' में टोल लगाने का प्रस्ताव दिया है।
इंडोनेशिया की राजधानी जकार्ता के बाहर दो ट्रेनों की टक्कर हो गई, जिसमें 14 यात्रियों की मौत की पुष्टि हुई है। हादसे में 84 अन्य घायल भी हुए हैं। सरकारी रेल कंपनी के प्रवक्ता फ्रानोटो विबोवो ने घटनास्थल पर बताया कि अस्पताल के रिकॉर्ड से पता चलता है कि 14 पीड़ितों की मौत हो गई है।
ईरानी विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने ओमान के सुल्तान से मुलाकात कर होर्मुज संकट पर चर्चा की। जानें ईरान के नए शांति प्रस्ताव और पाकिस्तान की मध्यस्थता पर उठे विवाद की पूरी जानकारी।