रीवा नगर निगम की टैक्स प्रणाली आम जनता के लिए सिरदर्द बनती जा रही है। निगम द्वारा नियम बनाया गया है कि भवन अनुज्ञा के लिए वर्ष 2019 से खाली प्लॉट का टैक्स देना अनिवार्य है, भले ही प्लॉट अभी खरीदा गया हो।

जनता के लिए सिर दर्द बनी नगर निगम की टैक्स प्रणाली
रीवा, स्टार समाचार वेब
नगरीय निकाय द्वारा लागू एक नियम आम जनता के लिये दुख का कारण बन गया है। जबकि निकाय के लिये राजस्व पैदा करने वाला मंत्र। आदेश के अनुसार यदि आप अपने सपनों का घर बनाने जमीन खरीदते हैं तो आपको खाली प्लाट का टैक्स वर्ष 2019 से निगम को देना होगा, भले ही आज आप उस जमीन के मालिक बने हों। इससे निगम का खजाना तो भर रहा है, लेकिन जनता की जेब पर अतिरिक्त भार पड़ रहा है।
दरअसल वर्ष 2019 में मध्य प्रदेश शासन ने एक नया नियम बनाया। जिसके तहत भवन अनुज्ञा के दौरान खाली प्लाट का टैक्स भी जमा करना होता है। लेकिन इसमें सबसे बड़ी अड़चन उन लोगों के साथ देखने को मिल रही है, जिन्होंने वर्ष 2019 के बाद भूमि खरीदी है, बावजूद उन्हें नियम लागू होने के समय से ही टैक्स देना पड़ रहा है। इसके बाद ही उन्हें भवन अनुज्ञा मिल रही है। मसलन लोगों घर बनवाने के लिये खाली प्लाट का टैक्स देना मजबूरी बन चुकी है। यदि कोई इसका विरोध करता है तो उसे भवन अनुज्ञा नहीं मिलती है। बहरहाल यह नियम वर्ष 2019 के बाद प्लाट खरीदने वालों के लिये सिरदर्द बन चुकी है।
कुल टैक्स की 30-40 प्रतिशत ली जा रही राशि
नगर निगम ने खाली प्लाट के टैक्स का निर्धारण दो कटेघरी में किया है। इसमें व्यवसायिक और रिहायशी की अलग-अलग दर है। जानकारों ने बताया है कि खाली प्लाट का टैक्स कुल टैक्स की राशि का 30 से 40 प्रतिशत लिया जा रहा है। यानी यदि किसी क्षेत्र का भवन टैक्स 10000 रुपये प्रति वर्ष है तो वहां स्थित व्यवसायिक प्लाट का टैक्स 3000 रुपये और रिहायशी प्लाट का टैक्स 4 हजार रुपये प्रति वर्ष के मान से देना पड़ रहा है।
इन प्रकरणों से समझें ननि की मनमानी
केस नंबर-1
पुष्पेन्द्र द्विवेदी पुत्र माधव द्विवेदी ने चिरहुला कालोनी में घर बनवाने के लिये भवन अनुज्ञा का आवेदन किया। इन्हें 1440 वर्गफिट में घर बनवाना है। इन्होंने वर्ष 2024-25 में प्लाट खरीदा और डायवर्सन कराया है। लेकिन इनकी फाइल रोक दी गई। कार्यपालन यंत्री ने टीप लगाया कि वर्ष 2019 से खाली प्लाट का टैक्स जमा करें।
केस नंबर-2
रानी प्रजापति पत्नी नीरज प्रजापति ने समान क्षेत्र में 1540 वर्गफिट भूमि वर्ष 2024 में खरीदी। इसमें घर बनवाने के लिये नगर निगम में भवन अनुज्ञा का आवेदन किया। लेकिन इस मामले में भी कार्यपालन यंत्री ने टीप लगा कर फाइल रोक दिया कि वर्ष 2019 से खाली प्लाट का पहले टैक्स जमा करें।
केस नंबर-3
रोशनी गुप्ता पत्नी अजय प्रधान निवासी कुठुलियान ने वर्ष 2024 में 2500 वर्गफिट भूमि खरीदी। जिसमें घर बनवाना है, लेकिन इनसे भी वर्ष 2019 से खाली प्लाट का टैक्स मांगा जा रहा है। इसके जमा करने पर ही भवन अनुज्ञा दी जायेगी। बकायदा इसका टीप कार्यपालन यंत्री के द्वारा लगाया गया है।
डायवर्सन के बाद लगना चाहिए टैक्स
दरअसल नगरीय निकायों में खाली प्लाट के टैक्स का जो निर्धारण किया गया है, उसके हिसाब से डायवर्सन के बाद से टैक्स लगेगा। लेकिन रीवा नगर निगम में ऐसा नहीं हो रहा है। यहां पर भवन अनुज्ञा की फाइल तभी पास की जा रही है, जब संबंधित व्यक्ति खाली प्लाट का टैक्स वर्ष 2019 से जमा किया हो। हालांकि इसमें भी नगर निगम के सभी चारों जोन में अलग-अलग नियम बना रखे हैं। कुछ मामलों में डायवर्सन के बाद से खाली प्लाट का टैक्स जमा करने पर ही अनुज्ञा दे दी जाती है, जबकि कुछ मामलों में वर्ष 2019 से ही टैक्स वसूला जाता है।
शासन ने वर्ष 2019 में खाली प्लाट का टैक्स जमा करने का नियम बनाया है। नियम के तहत ही टैक्स लिया जा रहा है। लोगों को यह समझना चाहिये कि उन्हें अवैध कॉलोनी में प्लाट नहीं खरीदना है।
डॉ. सौरभ सोनवणे, आयुक्त नगर निगम रीवा
नगर निगम द्वारा अवैध कालोनियों के प्लाट बिक्री और रजिस्ट्री पर रोक लगाने के लिये कई बार पंजीयन विभाग को पत्र लिखा गया है, लेकिन रजिस्ट्रियों पर रोक नहीं लग पा रही है। ऐसे में कई लोग बगैर अनुमति के ही शहर में प्लाटिंग कर रहे हैं। जिसका टैक्स भी नगर निगम को नहीं दे रही है। यही वजह है कि नगर निगम भवन अनुज्ञा लेने वालों से टैक्स लेता है। इससे बचने के लिये लोगों को भूमि खरीदने से पहले पूरी तहकीकात करनी चाहिये। जिससे वे इस तरह के अतिरिक्त भार से बच सकते हैं।
अजय मिश्रा बाबा, महापौर रीवा


जबलपुर हाईकोर्ट का ऐतिहासिक फैसला, सरकारी कर्मचारियों को मिलेगा 100% वेतन और एरियर्स

खरमास 2025-2026: कब से कब तक रहेगा, जानें शुभ कार्यों की मनाही का कारण

जैतवारा से लेकर बारामाफी तक आक्रोश

ऑपरेशन सिंदूर...मुझे एक तस्वीर दिखा दो...जिसमें भारत का एक गिलास भी नहीं टूटा हो

लागू होंगे नए अवकाश नियम: CCL में वेतन कटौती, EL को 'अधिकार' नहीं मानेगा MP वित्त विभाग

आहत जनता को राहत...निचले स्तर पर आई थोक महंगाई

सुरक्षित और नेचुरल तरीके से बाल करना है काले तो अपनाएं ये उपाय

बची हुई चाय को दोबारा गर्म करके पीने क्या होगा, जानें इसके बारे में?

अगर 40 की उम्र कर ली है पार और रहना चाहते हैं तंदरुस्त तो अपनाएं ये आदतें

ठंडा पानी पीने और मीठा खाने पर दांतों में होती है झनझनाहट तो हो जाएं सावधान, नहीं तो हो सकती है बड़ी समस्या

ठंड में बढ़ जाती है डिहाइड्रेशन की समस्या, जानें क्या है कारण ?

तनाव से चाहिए है छुटकारा तो इन चीजों से करें तौबा, अपनाएं ये सलाह
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने आज यानी सोमवार को निगम-मंडलों के नवनियुक्त पदाधिकारियों के उन्मुखीकरण एवं प्रशिक्षण कार्यक्रम का अटल बिहारी वाजपेई सुशासन संस्थान में दीप-प्रज्ज्वलित कर शुभारंभ किया। इस विशेष प्रशिक्षण का मुख्य उद्देश्य पदाधिकारियों को उनके प्रशासनिक दायित्वों, वित्तीय प्रबंधन और शासन की नीतियों के प्रति मार्गदर्शन प्रदान करना था।
उत्तर भारत में इन दिनों गर्मी का प्रकोप देखने को मिल रहा है। देश के कई राज्य भीषण गर्मी से तप रहे हैं। उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, हरियाणा से लेकर राजस्थान और महाराष्ट्र के कई जिलों में लोगों का गर्मी से बुरा हाल रहा। यूपी का बांदा 46.7 के साथ और एमपी का राजगढ़ जिला 45 डिग्री के साथ सबसे गर्म शहर रहा।
भोजशाला मामले में MP के पूर्व CM दिग्विजय सिंह ने हाईकोर्ट के फैसले को अस्पष्ट बताते हुए कहा कि ASI को मंदिर के सबूत नहीं मिले। वहीं भोज उत्सव समिति ने दिग्विजय सरकार पर पूजा प्रतिबंधित करने का आरोप लगाया है। पढ़ें पूरी खबर।
भोपाल में रिटायर्ड जज गिरिबाला सिंह की बहू ट्विशा शर्मा सुसाइड केस में नया मोड़। मायके वालों ने शव लेने से किया इनकार, दिल्ली AIIMS में दोबारा पोस्टमार्टम की मांग को लेकर सीएम हाउस के सामने किया प्रदर्शन।
मध्यप्रदेश के ग्वालियर जिले के डबरा के जंगीपुरा रोड स्थित मदरसा रोड पर देर रात एक इलेक्ट्रॉनिक दुकान और मकान में भीषण आग लग गई। आग इतनी तेजी से फैली कि दुकान में रखे इलेक्ट्रॉनिक सामान और एसी रिपेयरिंग के सिलेंडरों में धमाके होने लगे। धमाकों से पूरे इलाके में दहशत फैल गई।
मध्य प्रदेश की मोहन सरकार ने प्रदेश के अफसर और कर्मचारियों के अवकाश नियमों में बड़ा बदलाव किया है। दरअसल, वित्त विभाग द्वारा मप्र सिविल सेवा अवकाश नियम 2025 के तहत अवकाश मंजूरी के अधिकारों को विभाजित कर दिया है।
मध्यप्रदेश के देवास जिले के पीपलरावा थाना क्षेत्र में बैराखेड़ी गांव के समीप प्याज से भरा एक मिनी ट्रक मोड़ पर अनियंत्रित होकर पलट गया। हादसे में ट्रक के ऊपर सो रहे तीन मजदूरों की मौत हो गई। दो अन्य लोग घायल हो गए।
सुबह से ही श्रद्धालुओं का उत्साह देखते बन रहा था। ढोल-नगाड़ों, बैंड-बाजों और जयघोष के साथ श्रद्धालुओं ने भोजशाला परिसर में प्रवेश किया। महिलाएं, युवा, बुजुर्ग और बच्चे हाथों में मां सरस्वती के चित्र और धार्मिक ध्वज लिए पहुंचे।
मध्यप्रदेश के रतलाम में आज भीषण टेन हादसा हो गया। राहत की बात यह है कि सभी यात्रियों को सुरक्षित उतार लिया गया। दरअसल, दिल्ली निजामुद्दीन की ओर जा रही राजधानी एक्सप्रेस (12431) के दो कोच में रविवार सुबह आग लगने से अफरा-तफरी मच गई।
दमोह (तेंदूखेड़ा) के आईईएस पब्लिक स्कूल में शिक्षिका की कथित मारपीट के शिकार 9 वर्षीय छात्र काव्य नामदेव की भोपाल एम्स में मौत। परिजनों ने शव के साथ एसपी ऑफिस घेरा, SIT करेगी जांच।