सतना के 31 करोड़ के नए आईएसबीटी से बसों का नियमित संचालन फिलहाल टल गया है, व्यवस्थाओं और जाम के कारण बसें सिर्फ परिक्रमा करेंगी।

हाइलाइट्स
सतना, स्टार समाचार वेब
31 करोड़ी नए बस स्टैंड (आईएसबीटी) से फिलहाल नियमित रूप से बसों का संचालन गुरूवार से होता नहीं दिख रहा है। बताया जा रहा है कि 15 जनवरी को बसें सिर्फ नए बस स्टैंड में ‘ परिक्रमा’ लगाने जाएंगी। यानि एक सिरे से अंदर आएंगी और दूसरे से बाहर निकल जाएंगी। इससे साफ है कि उनका विधिवत संचालन पुराने बस स्टैंड से ही होगा। गौरतलब है कि अभी नए बस स्टैंड से सतना से रीवा और सतना से अमरपाटन- मैहर रूट की बसों का संचालन किया जाना तय किया गया था लेकिन इन रूटों की बसों का फिलहाल संचालन होता नजर नहीं आ रहा है वजह यहां जो मानक स्तर की व्यवस्थाएं की जानी थीं, वो अभी भी नहीं हो पार्इं और तो और जाम भी इसमें रोड़े अटका रहा है। नये बस स्टैण्ड से सूत्र सेवा की बसों का संचालन भी किया जाना है।
एसोसिएशन के ऑफिस व कार्यालय पर फंसी पेंच
गुरुवार 15 जनवरी से नए बस स्टैंड (आईएसबीटी) से बसों के संचालन को लेकर कई पेंच फंसी हुई हैं, खासतौर पर बस ऑनर्स एसोसिएशन के कार्यालय और बस ऑपरेटरों के आफिस को लेकर। बस ऑनर्स एसोसिएशन का कहना है कि लगभग 250 बस ऑपरेटरों के द्वारा पुराने बस स्टैंड से बसों का संचालन किया जा रहा है और लगभग 25 बस ऑपरेटर ऐसे हैं जिनके कार्यालय पुराने बस स्टैंड में हैं। ऐसे में नए बस स्टैंड में एक बस ऑनर्स एसोसिएशन का कार्यालय और ऑपरेटरों को आफिस के लिए दुकान निर्धारित की जानी चाहिए जो कि अब तक नहीं हुई है। अभी सिर्फ एक अस्थाई दुकान बस ऑनर्स के कार्यालय के नाम पर दिया गया।
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8 के बाद नहीं हुई कोई बैठक
आईएसबीटी से बसों के संचालन की घोषणा तो 15 जनवरी से किए जाने की कर दी गई लेकिन इसको लेकर जिस तरह की गंभीरता जिला प्रशासन और बस ऑपरेटरो में दिखाई जानी चाहिए थी वैसे गंभीरता नजर नहीं आई। बताया जाता है नए बस स्टैंड से बसों के संचालन के लिए 8 जनवरी को सड़क सुरक्षा समिति की बैठक के दौरान चर्चा हुई और संचालन टीम बना दी गई लेकिन उसके बाद किसी प्रकार का कोई संवाद जिला प्रशासन और बस ऑपरेटरों के बीच नहीं हुआ जिससे बसों के संचालन को लेकर अब भी ऊहापोह की स्थिति बनी हुई है।
अभी ये व्यवस्था की गई
(इन रूटों की बसों का संचालन नए बस स्टैंड से किया जाना है)
ये समस्याएं भी यथावत
ये काम करने थे, अब तक अधूरे
8 जनवरी को सड़क सुरक्षा समिति की बैठक के दौरान आईएसबीटी बस स्टैंड से बसों के संचालन के पूर्व नगर निगम, स्मार्ट सिटी, आरटीओ और जिला प्रशासन को कुछ काम कराने की जिम्मेदारी दी गई थी लेकिन वे काम आज भी नहीं हो पाए हैं।
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नए बस स्टैंड में व्यवस्थाएं मुहैया कराना
अभी ये हुआ
खुदा है मैहर बाईपास : जाम की सबसे बड़ी समस्या
परमिट और टैक्स निर्धारण नए बस स्टैंड से बसों के संचालन में पेंच तो फंसा ही रहा है, सबसे बड़ी समस्या नए बस स्टैंड में व्यवस्थाओं को लेकर है। सबसे बड़ी समस्या तो मैहर बाईपास के चौड़ीकरण के कारण खोदी गई सड़क है। इस सड़क में अभी जब सामान आवागमन है तब जाम की समस्या खड़ी हो रही है जब सतना-रीवा, सतना-अमरपाटन-मैहर रूट की बसों का संचालन नए बस स्टैंड से होगा तब तो यहां जाम की समस्या भीषण हो जाएगी। यहां तक कि कई बसों के नम्बर भी मिस होंगे। इन सब संभावनाओं को देखते हुए बस ऑपरेटर आईएसबीटी से बसों के संचालन को लेकर संशय की स्थिति में हैं।
प्रशासन व ऑपरेटरों की बनी संचालन टीम
नए बस स्टैंड (आईएसबीटी) से बसों के विधिवत संचालन के लिए जिला प्रशासन, नगर निगम, स्मार्ट सिटी और पुलिस विभाग के साथ बस आॅपरेटर्स की एक संयुक्त टीम बनाई गई है जिस पर नए बस स्टैंड से बसों के संचालन की जिम्मेदारी है। इस टीम में शेर सिंह मीना नगर निगम आयुक्त (सीईओ स्मार्ट सिटी), राहुल सिलाड़िया नगर दंडाधिकारी, संजय श्रीवास्तव आरटीओ, संजय खरे ट्रैफिक डीएसपी, नीतिश मोडिया चीफ ऑपरेटिंग आफीसर्स सतना स्मार्ट सिटी ट्रांसपोर्ट सर्विस लिमिटेड एवं कमलेश गौतम अध्यक्ष बस ऑनर्स एसोसिएशन को शामिल किया गया है।
नए बस स्टैंड से बसों के संचालन में कुछ व्यवहारिक दिक्कतें हैं उन्हें दूर करके जल्द से जल्द नियमित रूप से सतना-रीवा, सतना-अमरपाटन-मैहर रूट की बसों के संचालन की व्यवस्था की जाएगी। बसों के संचालन के लिए टीम बनाई गई है, टीम के सामने बस ऑपरेटरों ने अपनी कुछ मांगें रखी थीं उनका निराकरण अभी होना शेष है।
कमलेश गौतम, अध्यक्ष बस ऑनर्स एसोसिएशन


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