मप्र शिक्षक पात्रता परीक्षा अब ऑफलाइन होगी और माध्यमिक शिक्षा मंडल (माशिमं) बनाएगा परीक्षा एजेंसी। आवेदन की तारीख बढ़ने की संभावना।
सीबीएसई (CBSE) द्वारा 6 सितंबर 2026 को होने वाली केंद्रीय शिक्षक पात्रता परीक्षा (CTET) स्थगित कर दी गई है। नई परीक्षा तिथि, एडमिट कार्ड डाउनलोड प्रक्रिया और परीक्षा पैटर्न की पूरी जानकारी यहाँ विस्तार से पढ़ें।
शिक्षक दिवस के अवसर पर भोपाल स्थित आरसीवीपी नरोन्हा प्रशासन अकादमी में राज्य स्तरीय शिक्षक सम्मान समारोह का भव्य आयोजन किया गया। राज्यपाल मंगूभाई पटेल और मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया।
सीबीएसई ने सुप्रीम कोर्ट के निर्देशानुसार सीटीईटी 2026 के लिए आवेदन प्रक्रिया दोबारा शुरू कर दी है। योग्य उम्मीदवार 1 सितंबर 2026 तक ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं।
महाराष्ट्र TET पेपर लीक मामले के मास्टरमाइंड बिजेंद्र गुप्ता को बिहार के वैशाली से गिरफ्तार कर लिया गया है। जानें इस बड़े परीक्षा घोटाले से जुड़ी सभी नई अपडेट्स और गिरफ्तारियों की पूरी जानकारी।
देशभर में नीट-यूजी पेपर लीक कांड का बवाल अभी थमा भी नहीं था और महाराष्ट्र में एक और खेला हो गया। इससे एक बार फिर देशभर में हड़कंप मच गया है। दरअसल, महाराष्ट्र में 28 जून को विभिन्न केंद्रों में शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) आयोजित कराई जानी थी।
सुप्रीम कोर्ट ने रिव्यू पिटीशन पर फैसला सुनाते हुए सेवा में कार्यरत 1.5 लाख से अधिक शिक्षकों के लिए TET पास करना अनिवार्य रखा है। हालांकि, कोर्ट ने परीक्षा उत्तीर्ण करने की समय सीमा बढ़ाकर 31 अगस्त 2028 कर दी है। शिक्षक संगठनों ने इस फैसले का विरोध किया है।
मध्य प्रदेश में 1998-2009 के बीच नियुक्त शिक्षकों के लिए TET अनिवार्य। सुप्रीम कोर्ट ने पुनर्विचार याचिका पर सुनवाई के दौरान छूट देने से किया इनकार। पूरी रिपोर्ट पढ़ें।
मध्यप्रदेश में टीईटी की अनिवार्यता के खिलाफ शिक्षकों ने मोर्चा खोल दिया है। आज अध्यापक शिक्षक संयुक्त मोर्चा के आह्वान पर राजधानी में प्रदर्शन किया। भेल के दशहरा मैदान में प्रदेश के अलग-अलग जिलों से हजारों शिक्षक मुख्यमंत्री अनुरोध यात्रा के लिए एकत्रित हुए।
दिग्विजय सिंह ने मध्यप्रदेश में शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) को लेकर राज्य सरकार के फैसले पर सवाल उठाते हुए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव को पत्र लिखा है। उन्होंने सरकार से मांग की है कि लंबे समय से कार्यरत शिक्षकों को राहत देने के लिए सुप्रीम कोर्ट में रिव्यू या क्यूरेटिव पिटीशन दायर की जाए।




















