भारतीय शेयर बाजार में आज लंबे समय के बाद अच्छी तेजी देखने को मिली। प्रमुख सूचकांक सेंसेक्स 355.14 अंक बढ़कर 72,264.84 के स्तर पर पहुंच गया। इसमें 0.49 फीसदी की वृद्धि दर्ज की गई। वहीं, नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी भी 101.00 अंक बढ़ा।
जीएसटी काउंसिल सात अक्टूबर को होने वाली अपनी बैठक में देश के इनडायरेक्ट टैक्स सिस्टम में बड़े सुधारों को मंजूरी दे सकती है। सितंबर 2025 में हुए रेट रेशनलाइजेशन (जीएसटी दरों में बदलाव) के बाद सरकार अब नेक्स्ट-जनरेशन जीएसटी के तहत टैक्स प्रशासन को आसान बनाने और कारोबारियों को राहत देने पर काम कर रही है।
भारत और अमेरिका के रिश्तों में जमी बर्फ और दोनों देशों के बीच कायम दूरी को लेकर विदेश मंत्री एस जयशंकर ने बड़ा बयान दिया है। जयशंकर ने अमेरिका के ढुलमूल रवैये पर नाराजगी जताते हुए कहा-यदि कोई मुद्दा (सुरक्षा) हमारे लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है और हमारा सहयोगी देश हमारी उन चिंताओं के प्रति संवेदनशीलता नहीं दिखाता, तो जाहिर तौर पर इससे रिश्तों में तनाव और जटिलता पैदा होगी।
गुरुवार को बाजार में चौतरफा बिकवाली से निवेशकों के अरबों रुपए डूब गए। लेकिन आज बाजार ने थोड़ी सी राहत की सांस ली है। वैश्विक बाजारों से मिले-जुले संकेतों और क्रूड आयल में मामूली नरमी की वजह से आज दलाल स्ट्रीट ने हरे निशान के साथ शुरुआत की है।
केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने यूपीआई भुगतान पर लगने वाले मर्चेंट डिस्काउंट रेट शुल्क को लेकर स्थिति पूरी तरह साफ कर दी है। वित्त मंत्री ने स्पष्ट किया कि यह कोई टैक्स, सेस या सरचार्ज नहीं है और इससे मिलने वाली राशि भारत सरकार के समेकित कोष में नहीं जाती।
भारतीय शेयर बाजार में बुधवार की शुरुआत मजबूती के साथ हुई। शुरुआती कारोबार में सेंसेक्स करीब 200 अंक चढ़कर 74,640.85 के स्तर पर पहुंचा, जबकि निफ्टी 23,350 के ऊपर कारोबार करता दिखा।
पिछले सत्र में भारी नुकसान के बाद आज शुरुआती कारोबार में सेंसेक्स और निफ्टी में उछाल दर्ज किया गया। वैल्यू बाइंग के कारण प्रमुख सूचकांकों में यह सुधार देखा गया। हालांकि, कच्चे तेल की ऊंची कीमतें और अमेरिकी फेडरल रिजर्व के नीतिगत फैसले से पहले बाजार में सतर्कता बनी हुई है।
भारतीय शेयर बाजार आज कारोबारी सत्र में लाल निशान में खुला। सेंसेक्स 533 अंक या 0.71 प्रतिशत की गिरावट के साथ 75,044 और निफ्टी 135 अंक या 0.57 प्रतिशत की कमजोरी के साथ 23,498 पर था। शुरुआती कारोबार में बाजार पर दबाव बनाने का काम आईटी और सर्विसेज सेक्टर ने किया।
भारतीय शेयर बाजार में आज भारी गिरावट दर्ज की गई। सेंसेक्स 400 अंक लुढ़क गया। निफ्टी भी 23,700 के महत्वपूर्ण स्तर से नीचे आ गया। अडानी एंटरप्राइजेज और एक्सिस बैंक सबसे ज्यादा नुकसान वाले शेयरों में रहे। दरअसल, कच्चे तेल की बढ़ती कीमतें बाजार पर दबाव डाल रही हैं।
भारतीय शेयर बाजार में आज से प्री-ओपन आक्शन सेशन के नियमों में बड़ा बदलाव लागू हो गया है। एनएसई द्वारा शुरू किए गए इस नए सिस्टम का मुख्य उद्देश्य शुरूआती कीमतों के निर्धारण को अधिक व्यवस्थित और पारदर्शी बनाना है। इसके साथ ही, अंतिम क्षणों में होने वाले भारी उतार-चढ़ाव को भी कम किया जा सकेगा।






















