भारत चुनाव आयोग के निर्देश पर मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी कार्यालय सभी जिलों में एसआईआर प्रक्रिया तेजी से करवा रहा है। दिन में तीन बार कलेक्टरों से रिपोर्ट तलब की जा रही है। चार नवंबर से एसआईआर का कार्य शुरू हुआ था, जिसका प्रारूप परिणाम 16 दिसंबर को प्रकाशित होगा।

मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी कार्यालय सभी जिलों में एसआईआर प्रक्रिया तेजी से करवा रहा है।
भोपाल। स्टार समाचार वेब
भारत चुनाव आयोग के निर्देश पर मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी कार्यालय सभी जिलों में एसआईआर प्रक्रिया तेजी से करवा रहा है। दिन में तीन बार कलेक्टरों से रिपोर्ट तलब की जा रही है। चार नवंबर से एसआईआर का कार्य शुरू हुआ था, जिसका प्रारूप परिणाम 16 दिसंबर को प्रकाशित होगा। अभी शिफ्टेड मतदाताओं की सूची प्राप्त नहीं हुई है, जो प्रकाशन से पहले स्पष्ट की जाएगी। दरअसल, मध्यप्रदेश में मतदाता सूची फ्रीज किए जाने के बाद चल रही एसआईआर जांच में चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। पिछले 35 दिनों में 8 लाख 13 हजार मतदाता मृत पाए गए हैं, जिनके नाम 16 दिसंबर को जारी होने वाली प्रारूप मतदाता सूची से हटाए जाएंगे। इसके अलावा 2 लाख 43 हजार 603 मतदाताओं के नाम अलग-अलग सूचियों में डबल मिले हैं, जिन्हें एक सूची में रखकर अन्य से हटाया जाएगा। इस तरह अब तक की प्रक्रिया में 10 लाख 37 हजार 137 नाम काटने की स्थिति बन गई है। हालांकि दावा किया जा रहा है कि अभी यह संख्या अभी बढ़ सकती है।
इन जिलों में सबसे अधिक मृत वोटर
बताया जाता है कि मध्यप्रदेश के जबलपुर और सागर में मृत मतदाताओं की संख्या सबसे ज्यादा, जबकि सीहोर और पन्ना में सबसे कम पाई गई है। हालांकि आयोग ने इन आंकड़ों को अभी आधिकारिक रूप से सार्वजनिक नहीं किया है।
कल तक होगा सत्यापन
एसआईआर कार्यवाही के तहत अनुपस्थित, स्थानांतरित, मृत और डबल-एंट्री वाले मतदाताओं की पहचान के लिए 10 दिसंबर तक हर मतदान केंद्र पर बीएलओ-बीएलए की बैठकें आयोजित की जा रही हैं। प्रदर्शित सूचियों का राजनीतिक दलों से अवलोकन कराने और 11 दिसंबर तक आपत्तियां दर्ज कराने की समय-सीमा तय की गई है, ताकि इछड ऐप के माध्यम से समय पर संशोधन किया जा सके।
भोपाल से हटेंगे 4 लाख 7944 नाम
इधर, राजधानी भोपाल की मतदाता सूची से 4 लाख 7944 नाम हट सकते हैं। एसआईआर में ये वोटर या तो अपने पत्ते पर नहीं मिले, या फिर और कहीं शिफ्ट हो गए। इनमें से 31 हजार से ज्यादा मतदाता मृत भी हो चुके हैं। इस वजह से वोटर लिस्ट से इन्हें हटाने की कार्रवाई होगी। मंत्री कृष्णा गौर की गोविंदपुरा विधानसभा में 61 हजार से ज्यादा वोटर शिफ्ट हुए हैं। वहीं, मंत्री विश्वास सारंग की विधानसभा नरेला में 5679 वोटर मृत मिले। हुजूर विधानसभा में भी मृत वोटर की संख्या 5 हजार से ज्यादा है।
10.5 फीसदी नो मेपिंग के दायरे में
भोपाल में एसआईआर के डिजिटलाइजेशन का काम पूरा हो चुका है। 17 लाख 17 हजार 981 वोटर्स के फॉर्म डिजिटलाइज किए गए। दूसरी ओर, 2 लाख 23 हजार वोटर्स ऐसे मिले, जिनका 2003 की वोटर्स लिस्ट के अनुसार डेटा नहीं मिला है। कुल 10.5 प्रतिशत वोटर्स को नो मेपिंग के दायरे में रखा गया है। इनका रिकॉर्ड 50 दिन के अंदर जिला प्रशासन ढूंढेंगा। यदि रिकॉर्ड नहीं मिलता है तो नाम भी काटे जाएंगे।


जबलपुर हाईकोर्ट का ऐतिहासिक फैसला, सरकारी कर्मचारियों को मिलेगा 100% वेतन और एरियर्स

जैतवारा से लेकर बारामाफी तक आक्रोश

खरमास 2025-2026: कब से कब तक रहेगा, जानें शुभ कार्यों की मनाही का कारण

ऑपरेशन सिंदूर...मुझे एक तस्वीर दिखा दो...जिसमें भारत का एक गिलास भी नहीं टूटा हो

लागू होंगे नए अवकाश नियम: CCL में वेतन कटौती, EL को 'अधिकार' नहीं मानेगा MP वित्त विभाग

MP College Admission 2026: ई-प्रवेश दूसरे चरण की अलॉटमेंट लिस्ट जारी, 13 जून तक जमा करें फीस

सुरक्षित और नेचुरल तरीके से बाल करना है काले तो अपनाएं ये उपाय

बची हुई चाय को दोबारा गर्म करके पीने क्या होगा, जानें इसके बारे में?

अगर 40 की उम्र कर ली है पार और रहना चाहते हैं तंदरुस्त तो अपनाएं ये आदतें

ठंडा पानी पीने और मीठा खाने पर दांतों में होती है झनझनाहट तो हो जाएं सावधान, नहीं तो हो सकती है बड़ी समस्या

ठंड में बढ़ जाती है डिहाइड्रेशन की समस्या, जानें क्या है कारण ?

तनाव से चाहिए है छुटकारा तो इन चीजों से करें तौबा, अपनाएं ये सलाह
मध्य प्रदेश में जनता की समस्याओं के त्वरित निराकरण के लिए शुरू किए गए 'जन विश्वास अभियान' का नया पोर्टल लॉन्च। जानें पोर्टल की विशेषताएं, शिकायतों के आंकड़े और हर सोमवार अपडेट होने वाली जिला रिपोर्ट की पूरी जानकारी।
लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी का इंदौर दौरा अब 19 सितंबर को होगा। नेहरू स्टेडियम में अनुमति न मिलने और बारिश के कारण 'छात्रों की गूंज' कार्यक्रम का स्थल बदलकर अब रिजनल पार्क कर दिया गया है।
मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल के शिवाजी नगर स्थित सिद्धांता सुपर स्पेशलिटी अस्पताल पर स्वास्थ्य विभाग ने सख्त कार्रवाई करते हुए उसका लाइसेंस और रजिस्ट्रेशन निरस्त कर दिया है। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (सीएमएचओ) की जांच में अस्पताल के संचालन में 19 गंभीर खामियां पाई गईं।
मध्यप्रदेश सरकार ने भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) के माध्यम से बाजार से 3,600 करोड़ रुपए का नया कर्ज लिया है। इस नई उधारी के बाद राज्य पर कुल कर्ज का बोझ 5.40 लाख करोड़ रुपए के पार पहुंच गया है। जानिए क्या हैं इसके आंकड़े और शर्तें।
भोपाल में रहवासी इलाकों में नगर निगम की कमर्शियल सीलिंग कार्रवाई के विरोध में व्यापारियों ने भोपाल चैंबर ऑफ कॉमर्स के बैनर तले रोशनपुरा चौराहे पर प्रदर्शन किया। सीएम हाउस जा रहे व्यापारियों को पुलिस ने रोका।
एमपी के चर्चित ट्विशा शर्मा मौत मामले में सीबीआई चार्जशीट के बाद ट्रायल उसी कोर्ट में ट्रांसफर हो गया है जहां से अग्रिम जमानत मिली थी।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में मंगलवार को कैबिनेट की बैठक कई महत्वपूर्ण फैसले लिए गए। कैबिनेट ने भोपाल में पश्चिमी बाइपास की पुनरीक्षित लागत को स्वीकृति दे दी है। इसके साथ ही, सेवानिवृत्त आईपीएस की सलाहकार के पद पर नियुक्ति और आरजीपीवी को तीन हिस्सों में बांटने के प्रस्ताव पर भी मुहर लगाई गई है।
कर्नल सोफिया कुरैशी पर विवादित टिप्पणी के केस में मंत्री विजय शाह को लोक भवन से राहत मिलने की उम्मीद लगाई जा रही है। चूंकि अब मामला राज्यपाल के पास पहुंच गया है। इधर, इसी बीच मंगलवार को मंत्री विजय शाह के विरुद्ध मुकदमा चलाने की अनुमति देने की मांग कांग्रेस विधायक दल ने राज्यपाल मंगूभाई पटेल से की है।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने भोपाल में प्रतिभावान विद्यार्थियों के लिए आयोजित लैपटॉप वितरण समारोह का दीप प्रज्ज्वलित कर शुभारंभ किया। मुख्यमंत्री ने मप्र माध्यमिक शिक्षा मंडल की 12वीं की परीक्षा में 75 फीसदी या उससे अधिक अंक पाने वाले 1 लाख 22 हजार से अधिक मेधावी विद्यार्थियों के बैंक खातों में लैपटॉप के लिए 25-25 हजार रुपए (कुल 304.98 करोड़ रुपए) सिंगल क्लिक से ट्रांसफर किए।
मध्यप्रदेश हाईकोर्ट को जल्द ही नया मुख्य न्यायाधीश मिलने जा रहा है। सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम ने गुजरात हाईकोर्ट के जस्टिस अल्पेश यशवंत कोगजे को मध्यप्रदेश हाईकोर्ट का मुख्य न्यायाधीश बनाने की सिफारिश की है। गुजरात सरकार की ओर से 2002 के गुजरात दंगों से जुड़े कई मामलों में उन्होंने पैरवी की।