देशभर में अपने नवाचारों के लिए चर्चित मध्यप्रदेश विधानसभा एक बार फिर चर्चा में है। दरअसल, राज्य विधानसभा पहली बार युवा विधायकों का सम्मेलन करने जा रही है। खास बात यह है कि सम्मेलन में मध्य प्रदेश सहित राजस्थान और छत्तीसगढ़ के 70 से ज्यादा विधायक शामिल होंगे।

मध्यप्रदेश विधानसभा एक बार फिर चर्चा में है।
भोपाल। स्टार समाचार वेब
देशभर में अपने नवाचारों के लिए चर्चित मध्यप्रदेश विधानसभा एक बार फिर चर्चा में है। दरअसल, राज्य विधानसभा पहली बार युवा विधायकों का सम्मेलन करने जा रही है। खास बात यह है कि सम्मेलन में मध्य प्रदेश सहित राजस्थान और छत्तीसगढ़ के 70 से ज्यादा विधायक शामिल होंगे। सम्मेलन 30 और 31 मार्च को होगा। बताया जाता है कि लोकतंत्र में नागरिकों की भागीदारी मजबूत करने में विधायकों की भूमिका और 2047 तक समृद्ध राष्ट्र बनने के दौरान आने वाली चुनौतियों पर मंथन किया जाएगा। विधानसभा सचिवालय के अनुसार, सम्मेलन में 45 वर्ष की आयु तक के विधायकों को आमंत्रित किया गया है।
विकास पर चर्चा करेंगे विधायक
मध्य प्रदेश के 37, राजस्थान के 22 और छत्तीसगढ़ के 15 विधायक हैं। दो दिन में विधायक जहां अपने-अपने क्षेत्र में हो रही विकास की गतिविधियों पर चर्चा करेंगे। वहीं विधानसभा के अनुभव भी साझा करेंगे। सम्मेलन के लिए लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला के साथ राजस्थान और छत्तीसगढ़ विधानसभा के अध्यक्षों को आमंत्रित किया गया है।
जीरो-बेस्ड और रोलिंग बजट
गौरतलब है कि मध्यप्रदेश विधानसभा ने तकनीकी और प्रक्रियात्मक सुधारों के माध्यम से शासन में नवाचार किए हैं। प्रमुख नवाचारों में ई-विधान (पेपरलेस कार्यप्रणाली), 2026-27 के बजट में जीरो-बेस्ड और रोलिंग बजट का प्रयोग कर चुकी है।


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मध्यप्रदेश के दमोह में 3 साल के बच्चे अनिरुद्ध की हत्या कर शव भूसे में फेंक दिया गया। पुलिस ने एक संदिग्ध को हिरासत में लिया है और एफएसएल टीम जांच कर रही है।
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