मध्य प्रदेश में स्वामित्व योजना और पटवारी कार्रवाई के विरोध में पटवारियों ने ऑनलाइन राजस्व कार्यों से दूर हो गए हैं। गुना, देवास और आगर मालवा के विवाद की पूरी जानकारी यहाँ पढ़ें।

पटवारियों और शासन के बीच का विवाद अब तूल पकड़ता जा रहा है। देवास से शुरू हुई पटवारियों के खिलाफ कार्रवाई का दायरा गुना, आगर मालवा और सतना समेत कई जिलों तक पहुंच गया है। इसके विरोध में मध्य प्रदेश पटवारी संघ ने बुधवार से प्रदेशभर में ऑनलाइन राजस्व कार्यों से खुद को अलग कर लिया है।
देवास और आगर मालवा के बाद अब गुना जिले में भी प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। गुना कलेक्टर किशोर कान्याल के अनुसार, शासकीय कार्य में लापरवाही और असहयोग के आरोप में 4 पटवारियों को निलंबित किया गया है। इसके साथ ही, जिले के सभी 52 पटवारियों को सेवा समाप्ति के नोटिस जारी किए गए हैं। पटवारी संघ के मुताबिक, देवास में 2 और आगर मालवा में 3 पटवारियों की सेवाएं समाप्त की जा चुकी हैं। इससे पहले स्वामित्व योजना के क्रियान्वयन को लेकर रायसेन और मंडला में भी दंडात्मक कार्रवाई की जा चुकी है।
पटवारी संघ के प्रदेश अध्यक्ष उपेंद्र बघेल ने बताया कि बुधवार से प्रदेशभर के पटवारियों ने ऑनलाइन राजस्व कार्यों से खुद को पूरी तरह अलग हो गए हैं। पटवारियों ने आधिकारिक और प्रशासनिक शासकीय व्हाट्सएप या अन्य समूहों को भी छोड़ दिया है। बघेल ने कहा कि यदि यह दंडात्मक कार्रवाई जल्द वापस नहीं ली गई, तो पूरा पटवारी संवर्ग बिना किसी पूर्व सूचना के सभी प्रकार के राजस्व कार्यों का अनिश्चितकालीन बहिष्कार कर देगा।
यह पूरा विवाद ‘स्वामित्व अधिकार अभिलेख निष्पादन एवं पंजीयन-2026’ योजना से जुड़ा है। इसके तहत गांवों की आबादी भूमि पर बने मकानों और प्लॉट धारकों को मालिकाना हक देने के लिए दस्तावेज तैयार कर उनकी रजिस्ट्री की जा रही है।
पटवारियों का मुख्य सवाल: पटवारी संघ का तर्क है कि इस प्रक्रिया में पटवारी को ‘निष्पादक’ (Executant) की भूमिका दी जा रही है, जबकि पटवारी न तो जमीन का मालिक है और न ही पंजीयन अधिकारी।
कानूनी खतरे की आशंका: संघ का कहना है कि दस्तावेजों पर हस्ताक्षर करने के बाद, यदि भविष्य में स्वामित्व को लेकर कोई कानूनी विवाद पैदा होता है, तो उसकी सीधी जवाबदेही पटवारी पर आ जाएगी और उसे कानूनी कार्रवाई का सामना करना पड़ सकता है।
शासन को पहले दी थी चेतावनी: पटवारियों का कहना है कि स्वामित्व योजना के क्रियान्वयन में आने वाली विधिक और व्यावहारिक समस्याओं से शासन को पहले ही अवगत कराया जा चुका है, बावजूद इसके प्रशासन द्वारा की जा रही एकतरफा दंडात्मक कार्रवाई पूरी तरह अनुचित है।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सागर के वीरांगना दुर्गावती टाइगर रिजर्व में कूनो से लाए गए दो चीतों को विमुक्त किया है। इसके साथ ही मध्य प्रदेश चीतों का तीसरा आवास बन गया है। इस अवसर पर गिद्ध गणना रिपोर्ट-2026 और बुंदेली पुस्तक का विमोचन भी किया गया।
मध्य प्रदेश में स्वामित्व योजना और पटवारी कार्रवाई के विरोध में पटवारियों ने ऑनलाइन राजस्व कार्यों से दूर हो गए हैं। गुना, देवास और आगर मालवा के विवाद की पूरी जानकारी यहाँ पढ़ें।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के राष्ट्रसेवा के 25 वर्ष पूरे होने पर मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने प्रदेशवासियों को बधाई दी। उज्जैन में सेवा ज्योति कलश यात्रा के दौरान उन्होंने मोदी सरकार की उपलब्धियों और विकास कार्यों पर प्रकाश डाला।
मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने रतलाम में आयोजित बलराम कृषि महोत्सव को संबोधित करते हुए कहा कि वृंदावन ग्राम में उन्नत नस्ल के पशुओं की प्रतियोगिता होगी। प्रथम विजेता को 1 लाख रुपये का पुरस्कार दिया जाएगा। किसानों के लिए सोलर सिस्टम और सिंचाई सुविधाओं पर भी जोर दिया गया है।
सतना में कारोबारी पर गोली चलाने के मामले में पुलिस ने दो हिस्ट्रीशीटर भाइयों को जबलपुर से गिरफ्तार किया। आरोपियों से कट्टा और कारतूस बरामद हुआ, दोनों पर दर्ज हैं कई आपराधिक मामले।
रैगांव क्षेत्र में डालमिया सीमेंट के लिए कृषि भूमि प्रक्रिया के विरोध में ढाई हजार किसान 500 से अधिक ट्रैक्टर लेकर कलेक्ट्रेट पहुंचे। किसानों ने उपजाऊ जमीन बचाने की मांग रखी, जनसुनवाई स्थगित।
बीना में तीसरी रेल लाइन जोड़ने के कार्य के चलते सतना से गुजरने वाली चार ट्रेनें परिवर्तित मार्ग से चलेंगी। रेवांचल, कामायनी, रीवा-डॉ. अंबेडकर नगर और क्षिप्रा एक्सप्रेस के रूट बदले।
जिला अस्पताल के एनआरसी में 2012-13 से पुरुष केयरटेकरों की तैनाती पर सवाल उठे हैं। महिला कर्मियों की नियुक्ति संबंधी गाइडलाइन और पुराने आदेशों के बावजूद व्यवस्था नहीं बदली, अब कार्रवाई की उम्मीद।
सतना में नवरात्रि से पहले 350 से अधिक दुर्गा प्रतिमाएं तैयार हो रही हैं। बारिश, महंगाई और बढ़ती मांग के बीच बंगाल व स्थानीय कारीगर दिन-रात मेहनत कर प्रतिमाओं को अंतिम रूप दे रहे हैं।
नौ साल पहले ट्रकों की आवाजाही पर नजर रखने और टैक्स चोरी रोकने के मकसद से शुरू किया गया ई-वे बिल अब सब्सिडी वाले खाद की कालाबाजारी पकड़ने में सबसे बड़ा डिजिटल हथियार साबित हुआ है।

जबलपुर हाईकोर्ट का ऐतिहासिक फैसला, सरकारी कर्मचारियों को मिलेगा 100% वेतन और एरियर्स

जैतवारा से लेकर बारामाफी तक आक्रोश

खरमास 2025-2026: कब से कब तक रहेगा, जानें शुभ कार्यों की मनाही का कारण

ऑपरेशन सिंदूर...मुझे एक तस्वीर दिखा दो...जिसमें भारत का एक गिलास भी नहीं टूटा हो

लागू होंगे नए अवकाश नियम: CCL में वेतन कटौती, EL को 'अधिकार' नहीं मानेगा MP वित्त विभाग

MP College Admission 2026: ई-प्रवेश दूसरे चरण की अलॉटमेंट लिस्ट जारी, 13 जून तक जमा करें फीस

सुरक्षित और नेचुरल तरीके से बाल करना है काले तो अपनाएं ये उपाय

बची हुई चाय को दोबारा गर्म करके पीने क्या होगा, जानें इसके बारे में?

अगर 40 की उम्र कर ली है पार और रहना चाहते हैं तंदरुस्त तो अपनाएं ये आदतें

ठंडा पानी पीने और मीठा खाने पर दांतों में होती है झनझनाहट तो हो जाएं सावधान, नहीं तो हो सकती है बड़ी समस्या

ठंड में बढ़ जाती है डिहाइड्रेशन की समस्या, जानें क्या है कारण ?

तनाव से चाहिए है छुटकारा तो इन चीजों से करें तौबा, अपनाएं ये सलाह