सतना जिले में हल्की बारिश के बाद भी घंटों बिजली गुल रहने से उपभोक्ताओं की परेशानी बढ़ गई है। ग्रामीण क्षेत्रों में पेयजल, पढ़ाई और कारोबार प्रभावित हैं, जबकि लोगों ने स्थायी समाधान की मांग उठाई है।
सतना कृषि उपज मंडी में रिकॉर्ड आवक से कारोबार बढ़ा, लेकिन तुलाई में देरी, जाम, शेड की कमी, बारिश का खतरा और बुनियादी सुविधाओं के अभाव से किसान एवं व्यापारी लगातार परेशान हैं।
सतना जिले में खरीफ सीजन से पहले उर्वरक उपलब्धता चिंता का विषय बन गई है। जरूरत के मुकाबले केवल एक-तिहाई खाद उपलब्ध है, जबकि डीएपी का स्टॉक बेहद सीमित होने से किसानों की मुश्किलें बढ़ सकती हैं।
पन्ना जिले के रैपुरा में 15 दिनों से पेयजल संकट झेल रहे ग्रामीणों ने खाली बर्तन लेकर चक्काजाम किया। महिलाओं और ग्रामीणों ने जल आपूर्ति व्यवस्था में भेदभाव के आरोप लगाते हुए कार्रवाई की मांग की।
सतना कृषि उपज मंडी में एक लाइसेंसी तुलावटी ने प्रांगण प्रभारी पर पक्षपात, उत्पीड़न और प्रतिशोध के आरोप लगाए हैं। किसानों के हित में सुझाव देने के बाद बार-बार विवादित स्थान आवंटित किए जाने की शिकायत सामने आई।
रीवा में बीहर बायपास पुल की मरम्मत का कार्य लंबा खिंचने से लोगों की मुश्किलें बढ़ गई हैं। पुल बंद रहने के दौरान बायपास निर्माण तेजी से हुआ, जबकि भारी वाहन शहर की सड़कों को नुकसान पहुंचा रहे हैं।
सतना कृषि उपज मंडी में भीषण गर्मी के बीच किसान और हम्माल पेयजल संकट से जूझ रहे हैं। करोड़ों का मंडी शुल्क वसूलने के बावजूद वाटर कूलर बंद हैं, जिससे किसानों में भारी नाराजगी है।
सतना जिले में अधूरे सड़क और पुल निर्माण कार्य लोगों की परेशानी बढ़ा रहे हैं। धीमी रफ्तार, धूल, जाम और खराब रास्तों से आमजन परेशान हैं, जबकि निर्माण कंपनियों की कार्यशैली पर लगातार सवाल उठ रहे हैं।
सतना जिले में पेट्रोल-डीजल संकट गहराया। आधी सप्लाई और टैंकरों की कमी से शहर के बड़े पंप भी सूखने लगे। गांवों से लेकर परिवहन और कारोबार तक पर असर साफ दिखाई देने लगा है।
रीवा और मऊगंज में भीषण गर्मी के बीच लगातार बिजली ट्रिपिंग और कटौती से उपभोक्ता परेशान हैं। बढ़ते लोड के कारण ट्रांसफार्मर और केबल जल रहे हैं, जबकि शिकायतों के निराकरण में घंटों लग रहे हैं।






















