1 जुलाई को राष्ट्रीय डॉक्टर्स डे क्यों मनाया जाता है? डॉ. बिधान चंद्र रॉय के जीवन और डॉक्टरों के सम्मान में समर्पित इस विशेष दिन के इतिहास और महत्व को विस्तार से जानें।
विश्व साइकिल दिवस पर सतना में आयोजित साइकिल रैली में प्रशासनिक अधिकारी, चिकित्सक, युवा, महिलाएं और बच्चे शामिल हुए। रैली के माध्यम से फिटनेस, स्वच्छता, ईंधन बचत और पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया गया।
रीवा में गैस चलित शवदाह गृह दो साल से बेकार पड़ा, एक भी शव का दाह संस्कार नहीं, जागरूकता की भारी कमी।
वर्ल्ड कैंसर डे (4 फरवरी) पर जानें धूम्रपान, शराब, खराब खानपान, मोटापा और अन्य पर्यावरणीय कारक कैसे बढ़ाते हैं कैंसर का खतरा। अपनी जीवनशैली में बदलाव कर कैंसर से बचें।
सतना जिला अस्पताल में 15 साल बाद टिटनेस का दुर्लभ मामला सामने आया है। पन्ना जिले के 19 वर्षीय युवक के पैर में कील चुभने के बाद टिटनेस का इंजेक्शन नहीं लगवाने से संक्रमण पूरे शरीर में फैल गया। मरीज ICU में भर्ती है और ऑक्सीजन सपोर्ट पर उपचार जारी है।
सतना की वंशिका पाण्डेय ने मात्र 1 मिनट 41 सेकंड के सोशल मीडिया वीडियो से राष्ट्रीय ऊर्जा संरक्षण सम्मान हासिल किया। ऊर्जा बचत, शिक्षा और तकनीक के मेल से उन्होंने देशभर के 2000 कंटेंट क्रिएटर्स के बीच अपनी अलग पहचान बनाई।
7 नवम्बर को राष्ट्रीय कैंसर जागरूकता दिवस क्यों मनाया जाता है? कैंसर के लक्षण, रोकथाम के उपाय और शीघ्र पहचान के महत्व के बारे में विस्तार से जानें।
राज्यपाल मंगुभाई पटेल ने कहा कि टीबी उन्मूलन के लिए सबसे कारगर उपाय जागरूकता है। हर व्यक्ति की जिम्मेदारी है कि टीबी जागरूकता कार्यक्रमों का हिस्सा बनें और टीबी उन्मूलन में सक्रिय सहभागिता करें।
मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और राज्यपाल मंगूभाई पटेल ने प्रदेशवासियों को दीपावली के पावन पर्व पर शुभकामनाएं दीं। मुख्यमंत्री ने अपने संदेश में मध्य प्रदेश को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 'विकसित भारत' संकल्प में सहभागी बताया, और कहा कि प्रदेश की लगभग 9 करोड़ जनता विकास के यज्ञ में अपनी आहुति दे रही है। वहीं, राज्यपाल मंगूभाई पटेल ने दीपावली को धार्मिक, सामाजिक और सांस्कृतिक एकता का प्रतीक बताते हुए वंचितों और जरूरतमंदों के जीवन में खुशियां लाने का आह्वान किया। दोनों नेताओं ने नागरिक
अमर ज्योति परिवार सतना ने 10वां नेत्रदाता परिजन सम्मान समारोह आयोजित किया। कार्यक्रम में नेत्रदान व देहदान करने वाले परिजनों को सम्मानित किया गया। 59 देहदान संकल्प पत्र और 856 नेत्रदान पूरे किए गए। अतिथियों ने जीवनदान के इस महादान को प्रेरणादायी बताया और अन्य अंगदान की भी अपील की।






















