कूनो नेशनल पार्क में प्रोजेक्ट चीता के तहत मादा चीता KGP12 ने 4 नए शावकों को जन्म दिया है। अब भारत में चीतों की कुल संख्या बढ़कर 54 हो गई है। जानिए पूरी खबर।
भोपाल के समरधा जंगल में मिले एक साल के बाघ के शावक के शव का सोमवार को पोस्टमार्टम के बाद दाह संस्कार कर दिया गया। शुरुआती जांच में बड़े बाघ के साथ टेरिटोरियल फाइट (क्षेत्रीय वर्चस्व) को मौत की वजह माना जा रहा है।
सीधी के सोन घड़ियाल अभयारण्य में तीन मादा घड़ियालों के अंडों से शावक निकलने शुरू हो गए हैं। इस वर्ष करीब 90 से अधिक घड़ियाल शावकों के जन्म की संभावना जताई जा रही है।
मध्य प्रदेश के कूनो नेशनल पार्क में नामीबियाई मादा चीता ज्वला के चार शावकों की मौत हो गई है। शावकों के शव आधे खाए हुए मिले हैं, जिससे शिकारियों के हमले की आशंका जताई जा रही है।
मध्य प्रदेश के वीरांगना दुर्गावती टाइगर रिजर्व में बाघिन N6 ने चार शावकों को जन्म दिया है। पेंच से लाई गई इस बाघिन की इस उपलब्धि से रिजर्व में बाघों की संख्या 30 के पार हो गई है।
संजय टाइगर रिजर्व में वर्चस्व की लड़ाई के बीच बाघिन टी-40 अपने तीन शावकों की सुरक्षा के लिए जंगल छोड़ रिसोर्ट परिसर में पहुंच गई। वन विभाग की निगरानी और इलाके में अलर्ट जारी है।
सीधी के संजय टाइगर रिजर्व के दुबरी वन परिक्षेत्र में बाघिन टी-60 के दो शावक मृत पाए गए। प्रारंभिक जांच में टेरिटरी विवाद के चलते नए नर बाघ के हमले की आशंका जताई गई है। वन विभाग ने निगरानी और ट्रैकिंग बढ़ा दी है।
मध्य प्रदेश के श्योपुर स्थित कूनो नेशनल पार्क से चिंताजनक खबर सामने आई है। यहां मादा चीता वीरा के एक शावक की खुले जंगल में मौत हो गई। शावक का शव जंगल में मिला, जिसके बाद पूरे वन विभाग व चीता प्रोजेक्ट टीम में हलचल मच गई।
पन्ना टाइगर रिजर्व में 57 वर्षीय हथिनी अनारकली ने एक ही दिन में दो स्वस्थ मादा शावकों को जन्म देकर वन्यजीव संरक्षण में दुर्लभ उपलब्धि हासिल की है। वन विभाग की टीम ने मां और शावकों को पूरी तरह स्वस्थ बताया है। इस चमत्कारी घटना से रिजर्व में हाथियों की संख्या बढ़कर 21 हो गई है।
मध्यप्रदेश के कूनो नेशनल पार्क में संरक्षण के इतिहास की सबसे बड़ी उपलब्धि दर्ज की गई है। भारतीय मूल की मादा चीता मुखी ने पांच स्वस्थ शावकों को जन्म देकर न केवल कूनो बल्कि पूरे देश के लिए गौरव का क्षण रच दिया है।






















