सतना में मानसून की पहली तेज बारिश ने स्मार्ट सिटी की तैयारियों की पोल खोल दी। कई कॉलोनियों, सड़कों और अंडरब्रिज में जलभराव हुआ, जबकि जिला अस्पताल और बस स्टैंड भी पानी से प्रभावित रहे।
सतना स्मार्ट सिटी बोर्ड बैठक में सड़क निर्माण, इंटीग्रेटेड ट्रैफिक सिस्टम, आईएसबीटी परिसर किराया और कर्मचारियों का कार्यकाल बढ़ाने सहित कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। कलेक्टर ने निर्माण कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए।
धवारी स्टेडियम पुनर्निर्माण में कराए गए अतिरिक्त कार्यों की जांच के लिए पार्षदों की तीन सदस्यीय समिति गठित की गई है। जांच रिपोर्ट के बाद ही संविदाकार के भुगतान पर आगे निर्णय लिया जाएगा।
सतना के धवारी स्थित इनक्यूबेशन सेंटर में बिना मीटर सीधे ट्रांसफॉर्मर से बिजली उपयोग का मामला सामने आया। बिजली विभाग की जांच में अवैध कनेक्शन पकड़े गए, जिससे निगरानी और जवाबदेही पर सवाल खड़े हुए।
सतना में पहली ही बारिश ने स्मार्ट सिटी के दावों की पोल खोल दी। जलभराव, बिजली कटौती, नालियों का गंदा पानी घरों और दुकानों में घुसने से लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।
सतना में 31.15 करोड़ रुपए से बना आईएसबीटी उद्घाटन के चार माह बाद ही वीरान हो गया। बस संचालन बंद होने से शहर में जाम की समस्या फिर बढ़ गई है। निर्माण गुणवत्ता और प्रशासनिक लापरवाही पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं।
सोनौरा मल्टी स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स निर्माण की धीमी प्रगति पर कलेक्टर डॉ. सतीश कुमार एस ने नाराजगी जताई। 15 दिनों में अपेक्षित सुधार नहीं होने पर 25 करोड़ के टेंडर को निरस्त कर एजेंसी टर्मिनेट करने की चेतावनी दी गई।
भोपाल पुलिस ने स्मार्ट सिटी रोड पर हुई 55 लाख की हवाला लूट मामले में 12 आरोपियों को पकड़ा है। सट्टे के शौकीन अकाउंटेंट ने रची थी पूरी साजिश। पढ़ें पूरी खबर।
सतना स्मार्ट सिटी इन्क्यूबेशन सेंटर की निर्मात्री पहल से महिलाएं उद्यमिता की ओर बढ़ रही हैं। नि:शुल्क प्रशिक्षण, मेंटरशिप और व्यवसायिक मार्गदर्शन से कई महिलाएं आत्मनिर्भर बनकर सफल व्यवसाय शुरू कर रही हैं।
सतना के मुख्य बाजार में सीवर लाइन की अधूरी खुदाई से बारिश में कीचड़ फैल गया। 8 साल बाद भी काम अधूरा, व्यापारियों का 60–70% कारोबार प्रभावित।






















