सतना में नौ साल से जारी सीवर कार्य की गुणवत्ता और सड़क रेस्टोरेशन पर सुनवाई हुई। निगरानी एजेंसी ने काम बेहतर बताया, जबकि जमीनी हालात पर सवाल उठे। तहसीलदार जांच कर रिपोर्ट सौंपेंगे।
सतना में सीवर लाइन के बाद हुए रोड रेस्टोरेशन की गुणवत्ता पहली बारिश में ही उजागर हो गई। स्टेशन रोड पर सड़क धंसने से निर्माण कार्य, निगरानी व्यवस्था और जिम्मेदार एजेंसियों की कार्यप्रणाली सवालों के घेरे में है।
सतना में नौ वर्षों से चल रहा सीवर प्रोजेक्ट अब भी अधूरा है। बरसात से पहले सड़कों की खुदाई ने लोगों की चिंता बढ़ा दी है, जबकि पीडीएमसी और नगर निगम की कार्यप्रणाली सवालों के घेरे में है।
सतना में 2017 से चल रही सीवर परियोजना अब तक पूरी नहीं हो सकी है। बाजार क्षेत्र में महीनों से जारी खुदाई, धूल और अव्यवस्था से व्यापार प्रभावित है तथा व्यापारी जवाबदेही की मांग कर रहे हैं।
सतना में सीवर कार्य के नाम पर सड़कें बार-बार खोदी जा रहीं, खराब रेस्टोरेशन से जनता परेशान, वहीं गंदगी और जलभराव से मच्छरों का प्रकोप बढ़ा, फॉगिंग न होने से डेंगू-मलेरिया का खतरा भी बढ़ रहा
सतना में सीवर लाइन परियोजना फिर हादसे का कारण बनी। रीवा रोड पर सीवेज चेंबर में उतरे तीन सफाईकर्मी मिथेन गैस के रिसाव से बेहोश हो गए। एक मजदूर की मौत, दो गंभीर हालत में। 21 माह में 3 मौतें, 4 घायल। ठेका कंपनी की लापरवाही और प्रशासन की उदासीनता पर उठ रहे सवाल।
सतना पतेरी में सीवरकर्मी जहरीली गैस से बेहोश। बिना सुरक्षा उपकरणों के उतारे गए मजदूर। नोडल अधिकारी को शो-कॉज, ठेका कंपनी पर लापरवाही का आरोप।
सतना के राजेन्द्र नगर में अधूरी खुदी सड़क और बदबूदार पानी की सप्लाई से नागरिक परेशान हैं, जिम्मेदारों की चुप्पी हादसों और बीमारियों को न्योता दे रही है।
सतना में महज तीन इंच बारिश से ही घरों और दुकानों में पानी घुस गया। स्मार्ट सिटी की नाकामी और ड्रेनेज सिस्टम की पोल खोलता यह हाल।
गड़बड़ी छिपाने में लीपापोती: सतना में सीवर लाइन और नारायण तालाब सौंदर्यीकरण में घटिया काम उजागर






















